संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। कला कीर्ति भवन की भरतमुनि रंगशाला में हरियाणा कला परिषद की ओर से नाट्य मेले का आयोजन किया गया, जिसमें कला सृष्टि मंच के कलाकारों ने बृज शर्मा के लेखन और निर्देशन में नाटक खामोश प्रस्तुत किया। एक प्रतियोगिता में हिस्सा लेने के लिए कलाकार अदालत में चल रहे मुकदमे पर आधारित नाटक तैयार करते हैं। कलाकारों ने अदालत के माध्यम से महिलाओं के मन की पीड़ा को दर्शकों तक पहुंचाने का काम किया।
कलाकारों ने दिखाया कि ये अदालत आम अदालतों की तरह नहीं है। इसे नाटक का रूप दिया गया है, जिसमें कलाकार नाटक के संवाद पढ़ते हैं। मगर उन्हें ये डायलॉग अपने जीवन से जुड़े लगते हैं। वो हैरान होते हैं कि किरदारों के साथ जो हुआ है, उस पर अदालत के फैसले ने मरहम लगाने की अपेक्षा नमक डालने का कार्य किया। प्रत्येक पात्र अपने साथ घटी घटनाओं को याद करते हुए अदालत के फैसले पर सवाल खड़ा कर देता है।
नाटक की तैयारी के बहाने कलाकार अपने साथ घटी घटना की पीड़ा बयान करना चाहता है। नाटक में इसी तरह से हर किरदार की अपनी एक कहानी सामने आती है। जो काफी दर्द लिए है। महिलाओं की मनोदशा को दिखाता नाटक अंत में सवालिया निशान लगा देता है कि अदालत में सबूतों के आधार पर फैसले दे दिए जाते हैं, जिसमें कभी कभी कसूरवार बरी हो जाता है और बेकसूर मारा जाता है।
नाटक में बृज शर्मा, शिवकुमार किरमच, मधु मल्होत्रा, रेणू खुग्ग्गर, अन्नपूर्णा शर्मा, दीपक, नीरज आश्री, सरिता दहिया, आशी खेत्रपाल, सुनील, दीपक कौशिक, रिंकू छाबड़ा आदि ने भूमिकाएं निभाई। इस मौके पर हरियाणा कला परिषद के निदेशक संजय भसीन, चित्कारा विश्वविद्यालय के प्रो. आशुतोष मिश्रा, नारायण कालड़ा, सौरभ चौधरी, डॉ. शालिनी व शंकुतला शर्मा आदि उपस्थित रहीं। मंच का संचालन विकास शर्मा ने किया।