कुरुक्षेत्र । हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी के सदस्य वार्षिक बजट को लेकर शुक्रवार को गुरुद्वारा न्यायिक आयोग के सामने पेश होंगे। सात जनवरी को हुई बजट बैठक के बाद गहराया विवाद सामने आने के बाद आयोग ने सभी सदस्यों को नोटिस जारी किए हैं। हर किसी की नजर अब आयोग के फैसले पर टिकी है। सात जनवरी को हुई इस बैठक में 104 करोड़ का बजट सर्वसम्मति से पारित होने का दावा किया गया था। कमेटी के मनोनीत सदस्य जत्थेदार बलजीत सिंह दादूवाल ने बजट बैठक के दो दिन बाद आरोप लगाया था कि हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी की आम सभा की बैठक में कोरम पूरा नहीं था, इसके कारण न बजट पास हुआ और न ही कोई अन्य प्रस्ताव।
एचएसजीपीसी मुख्यालय पर बुलाई गई बजट बैठक में प्रधान की ओर से दो तिहाई बहुमत से बजट पास किए जाने का दावा किया गया था। कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष गुरमीत सिंह ने बजट पास करने में गुरुद्वारा एक्ट की अनदेखी करने और गंभीर धार्मिक अनियमितताएं बरतने के आरोप लगाने के साथ आयोग को भी शिकायत दी थी। इसमें प्रधान जगदीश सिंह झींडा को निलंबित करने और कमेटी के मुख्य सचिव जसविंद्र सिंह दीनपुर को बर्खास्त करने की मांग भी उठाई गई। दो दिन पहले शिकायत सौंपे जाने के बाद आयोग की ओर से 16 जनवरी को मामले की सुनवाई के लिए सभी 49 सदस्यों को नोटिस जारी कर बुलाया गया।
झींडा ने झूठ बोला, बजट बैठक में नहीं था बहुमतः गुरमीत
कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष गुरमीत सिंह का कहना है कि 19 जनवरी 2025 को एचएसजीपीसी चुनाव के बाद 23 मई को प्रधान सहित कार्यकारिणी का गठन किया गया। इस कार्यकारिणी की जिम्मेदारी थी कि वह समय रहते वार्षिक बजट तैयार करती और इसे पास किया जाता। कार्यकारिणी ने जो वार्षिक बजट तैयार किया था उसे प्रधान जगदीश सिंह झींडा ने खामियां बताते हुए निरस्त कर दिया था। लेकिन अब सात जनवरी को इसी वार्षिक बजट को सर्वसम्मति से पास करने का दावा प्रधान की ओर से किया जा रहा है जबकि आम सभा में बहुमत पूरा था। यह भी आरोप लगाए जा रहे हैं कि गुरु ग्रंथ साहिब के सामने कमेटी प्रधान जगदीश सिंह झींडा ने सर्वसम्मति से इस बजट को पास किए जाने पर झूठ बोला है। जिस दिन यह आम सभा बुलाई गई उस दिन 17 सदस्य गुरुद्वारा नाढा साहिब पंचकूला में थे। कमेटी मुख्य सचिव जसविंद्र दीनपुर ने बैठक की कार्यवाही का रजिस्टर भी देने से इन्कार कर दिया। इस लापरवाही पर उन्हें बर्खास्त किया जाना चाहिए।
झींडा बोले- गुरुघरों पर ताला लगाना चाहते हैं कुछ लोग
कमेटी प्रधान जगदीश सिंह झींडा का कहना है कि उन्होंने श्री अमृतसर हरमिंद्र साहब में खंड पाठ रखवाया है, शुक्रवार को इसमें भोग पड़ना है। ऐसे में उनका आयोग में पहुंचना संभव नहीं हो सकेगा । हालांकि वे यह भी नहीं कह सकते कि कौन-कौन सदस्य जाएगा। आयोग की ओर से सभी को बुधवार को ही नोटिस भेजे गए हैं। झींडा ने कहा,आयोग के आदेशानुसार ही सात जनवरी को दो तिहाई बहुमत से बजट पास किया था। जो आरोप लगा रहे हैं वे बजट बैठक में तो शामिल नहीं हुए और बाद में आपत्ति जता रहे हैं। ऐसे कुछ लोग हैं जो बजट रूकवाकर गुरुघरों पर ताला लगवाना चाहते हैं। आयोग ने बजट पर स्टे लगाया तो सभी कामकाज ठप पड़ सकते हैं।