कुरुक्षेत्र। हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन स्थायी कमेटी के लिए पहली बार चुनाव होने हैं, लेकिन वोट बनाए जाने की सुस्त रफ्तार से अभी इसके लिए लंबा इंतजार करना पड़ सकता है। स्थिति यह है कि प्रदेश सरकार ने एक से 30 सितंबर तक वोट बनवाने का समय तय किया था, लेकिन पूरे माह में वोट बनने तो दूर महज 10 हजार आवेदन ही चुनाव कार्यालय में पहुंच पाए हैं जबकि एक लाख आवेदन पत्र बांटे गए हैं। यही कारण है कि सिख संगठनों की ओर से की जा रही मांग पर प्रदेश सरकार ने अब वोट बनवाने के लिए 16 अक्तूबर तक का समय दिया है।
सरकार की ओर से भले ही दावा किया जा रहा है कि अगले 16 दिनों में वोट बनाने की कार्रवाई पूरी कर ली जाएगी, लेकिन एक माह के दौरान आए महज 10 फीसदी आवेदन से अधिकारियों की चिंता बढ़ने लगी है। अब गुरुद्वारों से भी वोट बनवाने को लेकर लोगों को जागरूक करने की अपील की जा रही है। वहीं गांव-गांव मुनादी कराई जाने लगी है। माना जा रहा है कि प्रदेश के अन्य संबंधित जिलों में भी यही हालात हैं और ऐसे में दोबारा भी आवेदन तिथि आगे बढ़ाने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता है।
विदित हो कि वोट बनवाने के लिए एचएसजीपीसी, एसजीपीसी, शिअद, सिख समाज हरियाणा के अलावा अन्य संगठन और सिख समाज के मौजिज लोगों की मांग पर प्रदेश सरकार ने 16 अक्तूबर तक का समय बढ़ाया है। वहीं अब सभी संगठनों ने इसके लिए प्रचार अभियान तेज कर दिया है। विशेष अभियान भी चलाए जाने लगे हैं। सभी सिख नेता बढ़-चढ़ कर वोट बनवाने की अपील संगत से कर रहे हैं।
हर पटवार सर्कल पर लगाई गई जिम्मेदारी, छुट्टियों में भी लिए जाएंगे आवेदन : संदीप कुमार
चुनाव तहसीलदार एवं हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी चुनाव के असिस्टेंट नोडल ऑफिसर संदीप कुमार का कहना है कि हर पटवार सर्कल पर पटवारियों की जिम्मेदारी लगाई गई है। हर पटवारी के पास तीन से चार गांव हैं। वहीं शहर में नगर परिषद के अधिकारियों को जिम्मा दिया हुआ है। यहां कोई भी सिख तय की गई शर्तों को देखते हुए अपना वोट बनवाने के लिए आवेदन कर सकता है। छुट्टी के दिन भी आवेदन दिए जा सकेंगे। अभी तक करीब 10 हजार आवेदन ही पहुंचे हैं जबकि एक लाख बांटे गए हैं।