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Kurukshetra News: पांच साल पहले हाईटेक हुई रोडवेज वर्कशॉप, न आधुनिक उपकरण पहुंचे न कर्मचारी

Sat, 21 Feb 2026 03:35 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
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कुरुक्षेत्र। रोडवेज वर्कशॉप के गेट पर लगा हाईटैक वर्कशॉप का पत्थर। संवाद
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मुनीश मुंडे
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कुरुक्षेत्र। पांच साल पहले जिस वर्कशॉप का फीता काटकर हाईटेक बनाने का दावा किया था वह आज तक भी हाईटैक नहीं हो पाई। वर्कशॉप को मिलने वाले अत्याधुनिक उपकरण ही नहीं मिल पाए। वहीं वर्कशॉप कर्मचारियों की भारी कमी से जूझ रही है। करीब 167 बसों की फिटनेस और मरम्मत का जिम्मा महज दो मैकेनिकों पर है।
नियमों के मुताबिक एक मैकेनिक दिनभर में चार से पांच बसों की ही ठीक से जांच कर सकता है। वहीं स्टाफ के अभाव में कई बसें बिना पूरी फिटनेस जांच के ही रूटों पर उतारी जा रही हैं। विभाग में पिछले 29 वर्षों से नई भर्ती नहीं हुई। सेवानिवृत्ति के चलते स्टाफ निरंतर घटता जा रहा है। नतीजा वर्कशॉप में बसों की लंबी कतारें और सड़कों पर तकनीकी खामियों का जोखिम बना हुआ है।
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हाईटैक वर्कशॉप में प्रस्तावित उपकरण
वर्कशॉप को आधुनिक बनाने के लिए नट-बोल्ट खोलने की ऑटोमेटिक मशीन, हाईड्रोलिक पावर जैक मशीन, अत्याधुनिक वॉशिंग मशीन और एडवांस स्कैनर टूल उपलब्ध करवाए जाने थे। इन उपकरणों से बसों की फिटनेस जांच और मरम्मत कार्य तेज व सुरक्षित होना था, लेकिन अब तक इनकी आपूर्ति नहीं हो पाई है।
दो मैकेनिक, 167 बसें, फिटनेस पर सवाल
वर्कशॉप में स्किल्ड मैकेनिकों की भारी कमी है। मौजूदा स्थिति में केवल दो मैकेनिक नियमित रूप से बसों की जांच और मरम्मत संभाल रहे हैं। रोजाना दो से तीन बसें सर्विस के लिए पहुंचती हैं, जबकि आठ से दस बसें रूटों पर खराब होकर लौट आती हैं। ऐसे में प्रतिदिन 10 से 11 बसें वर्कशॉप में खड़ी रहने को मजबूर हैं। समय पर सर्विस न होने से बसों की ब्रेकडाउन दर बढ़ रही है, जिससे यात्रियों की सुरक्षा पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
229 में से 124 पद खाली
वर्कशॉप में कुल 229 स्वीकृत पद हैं, जिनमें से 124 रिक्त पड़े हैं।
- स्किल्ड स्टाफ 105 में से 45 पद खाली
-सेमी-स्किल्ड 53 में से 51 पद रिक्त
-अनस्किल्ड 60 में से 23 पद खाली
-सुपरवाइजर स्टाफ 11 में से 3 पद रिक्त
केवल 105 कर्मचारी ही वर्तमान में कार्यरत हैं। सेमी-स्किल्ड श्रेणी में लगभग पूरा ढांचा खाली होने से तकनीकी काम प्रभावित है।
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भर्ती और प्रमोशन पर ब्रेक
जानकारी के अनुसार विभाग में आखिरी बड़ी भर्ती 29 साल पहले हुई थी। पिछले आठ वर्षों से प्रमोशन भी नहीं हुए, जिससे कर्मचारियों में असंतोष है। लगातार सेवानिवृत्ति के कारण अनुभव भी कम होता जा रहा है।
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उच्च अधिकारियों को भेजी रिपोर्ट : अश्वनी
वर्कशॉप मैनेजर अश्वनी कुमार ने बताया कि खाली पदों को लेकर उच्च अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है और जल्द भर्ती की उम्मीद है।

कुरुक्षेत्र। रोडवेज वर्कशॉप के गेट पर लगा हाईटैक वर्कशॉप का पत्थर। संवाद

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