फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एक साथ जली चार चिताएं: कुरुक्षेत्र में पिता का काटा गला, मां के सिर पर वार, पत्नी को दिया जहर, खुद खाई सल्फास

Mon, 09 Dec 2024 09:03 PM IST
अंकेश ठाकुर संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र/शाहाबाद

सार

कुरुक्षेत्र के शाहाबाद में सोमवार को एक परिवार की चार लोगों की चिताएं साथ चार जली। यहां एक व्यक्ति ने माता -पिता और पत्नी की हत्या कर खुद सल्फास खाकर जान दे दी थी। 
विज्ञापन
मृतकों के घर पहुंचे लोग। - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

यारा गांव में नैब सिंह के परिवार की एक साथ चिताएं जली तो सबकी आंखें नम हो गई। आसपास के कई गांव के लोग भी उनको अंतिम विदाई देने पहुंचे। इस दौरान पूरा गांव सुनसान हो गया और सभी ने परिवार की आत्मिक शांति के लिए प्रार्थना की। शाहाबाद कोर्ट के दोनों जज और विधायक रामकरण काला भी अंतिम संस्कार में शामिल हुए। 

विज्ञापन


उधर, हर किसी जुबां पर एक ही बात थी कि आखिर काले (दुष्यंत का नाम) ने इतना बड़ा कांड कैसे कर दिया। नैब सिंह का कुनबा भी एक ही बात कह रहा था कि सिर्फ एक बार काले ने उनसे जिक्र किया होता तो वे अपने परिवार को बचा लेते। चार दिन पहले ही पूरा कुनबा अंबाला में भांजी के भात में एकत्रित हुआ था। उस समय तक किसी को पता तक नहीं था कि दुष्यंत पैसे के लेनदेन को लेकर परेशान चल रहा है।

वहीं धर्मबीर ने अपने भाई नैब सिंह व भाभी अमृत कौर और चचेरे भाई साहिल ने भाई दुष्यंत व भाभी अमनप्रीत की चिता को मुखाग्नि दी। इससे पहले पुलिस ने दो चिकित्सकों के पैनल से चारों शव का पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम के बाद शव जैसे ही गांव पहुंचे तो परिजनों और रिश्तेदारों में चीख-पुकार मच गई। इंग्लैंड से सुबह पहुंची नैब सिंह की बेटी सोनम गांव पहुंची तो उसे अपने परिवार के चले जाने पर यकीन तक नहीं हुआ।
विज्ञापन


पिता का गला काटा, मां के सिर पर गहरी चोट
फॉरेंसिक विशेषज्ञ डॉ. गौरव ने बताया कि नैब सिंह के गले पर निशान थे। किसी तेजधार हथियार से उसका गला काटा गया था, जबकि अमृतकौर के सिर पर गहरी चोट थी। किसी वजनदार चीज से सिर पर वार किया था। अमनप्रीत कौर को जहरीला पदार्थ दिया था, जबकि दुष्यंत ने सल्फास निगलकर आत्महत्या की थी। पोस्टमार्टम के समय चारों की मौत को 24-36 घंटे बीत चुके थे। इन सभी की मौत सुबह सात और आठ बजे के बीच हुई होगी।

नैब का इकलौता वंश केशव अभी सलामत
घटना में बचे नैब सिंह के पोते केशव का अस्पताल में उपचार चल रहा है। केशव को घटना की कोई जानकारी नहीं दी गई है। पूरा कुनबा केशव के सही सलामत घर पहुंचने की प्रार्थना कर रहा है। सबको विश्वास है कि केशव से नैब सिंह का वंश चलता रहेगा। दुष्यंत नैब सिंह का इकलौता बेटा था। मृतक दुष्यंत का भी एक ही बेटा केशव है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें