कुरुक्षेत्र। एचकेआरएन के तहत कार्यरत कर्मचारियों को हटाए जाने पर रविवार को विभिन्न विभागों के कर्मचारियों का गुस्सा फूट पड़ा। करीब तीन घंटे तक बैठक में मंथन कर सड़कों पर उतर आए लेकिन तय कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री आवास का घेराव नहीं कर पाए। उन्हें मुख्यमंत्री आवास पर जाने से रोकने के लिए त्रिस्तरीय बैरिकेडिंग की गई थी और पुख्ता बंदाेबस्त के साथ बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा।
गुस्साए कर्मचारियों को पुलिस ने मुख्यमंत्री आवास से करीब 500 मीटर पहले ही रोक लिया, जहां पर उन्होंने धरना दिया और बाद में मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रतिनिधि कैलाश सैनी को ज्ञापन सौंपा। प्रशासन की ओर से इस दौरान जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी विनोद कौशिक ड्यूटी मजिस्ट्रेट के तौर पर तैनात रहे।
सर्व कर्मचारी संघ के बैनर तले सुबह ही प्रदेश के कर्मचारी सेक्टर दो स्थित ताऊ देवीलाल पार्क में एकत्रित होने शुरू हो गए, जहां पर बड़ी संख्या में कर्मचारियों ने तीन घंटे तक बैठक की। इस दौरान कर्मचारियों ने सरकार द्वारा कौशल रोजगार निगम के माध्यम से लगे कर्मचारियों को नौकरी से हटाए जाने पर विरोध जताया और सरकार से लड़ाई के लिए भविष्य में भी मजबूती से तैयार रहने का आह्वान किया।
राज्य वरिष्ठ उपप्रधान नरेश शास्त्री व महासचिव नरेश कुमार ने कहा कि एक तरफ तो सरकार द्वारा जाॅब सिक्योरिटी के नाम पर दावे किए जा रहे हैं, दूसरी तरफ नौकरी से हटाया जा रहा है। जिन कर्मचारियों को नौकरी करते हुए कई-कई साल हो गए हैं, उनके परिवारों की रोटी छीनने का कार्य सरकार कर रही है। उन्होंने कहा कि जन सेवाओं को सुचारू ढंग से चलाने के लिए विभागों में खाली पड़े पदों पर तुरंत भर्तियां करने की आवश्यकता है।
कर्मचारी नेता सुरेश राठी, जरनैल सिंह, सुमेर सिंह आदि ने मुख्यमंत्री से मांग की कि सरकार कौशल रोजगार निगम में लगे कर्मचारियों की छटनी करना बंद करें, हटाए गए कर्मचारियों को तुरंत प्रभाव से वापस लें और सभी प्रकार के कच्चे कर्मचारियों को समग्र रेगुलराइजेशन की नीति बनाकर पक्का करें।
20 मई को होने वाली हड़ताल को बनाएंगे सफल
कर्मचारी नेताओं ने कहा कि 15-16 फरवरी को प्रदर्शन किए गए थे, जिस पर मुख्यमंत्री की तरफ 12 मार्च तक आचार संहिता के बाद बातचीत के लिए समय देने का आश्वासन दिया गया था, परंतु सरकार के द्वारा आज तक समय नहीं दिया गया। ऐसे में सरकार कर्मचारियों की मांगों के प्रति गंभीर नहीं है। वहीं प्रदेश के कर्मचारी केंद्रीय ट्रेड यूनियनों, कर्मचारी संघों व अखिल भारतीय राज्य सरकारी कर्मचारी महासंघ के आह्वान पर 20 मई की राष्ट्रीय हड़ताल में भाग लेंगे और सफल बनाएंगे।
कुरुक्षेत्र। प्रदेश भर से जुटे हजारों कर्मचारियों को रोकने के लिए पुलिस ने इस तरह की थी बेरिकेड
कुरुक्षेत्र। प्रदेश भर से जुटे हजारों कर्मचारियों को रोकने के लिए पुलिस ने इस तरह की थी बेरिकेड
कुरुक्षेत्र। प्रदेश भर से जुटे हजारों कर्मचारियों को रोकने के लिए पुलिस ने इस तरह की थी बेरिकेड