कुरुक्षेत्र। पैवेलियन में गुड्डा-गुड्डी की सजी स्टॉल। स्वयं
कुरुक्षेत्र। अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव के चलते 24 नवंबर से 5 दिसंबर तक कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय की ओर से ब्रह्मसरोवर पर हरियाणा पैवेलियन स्थापित किया गया है। इसमें हस्तनिर्मित स्टाॅल लगाई गई हैं। विभिन्न स्टाॅलों पर लकड़ी कला, गुड्डे गुड़िया की कला और स्वदेशी उत्पादों ने पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित किया। हरियाणा के परंपरागत काम व घर की शोभा बढ़ाने वाले गुड्डा-गुड्डी का स्टाॅल महोत्सव में आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
पैवेलियन में लगाए गए स्टॉल हरियाणवी शिल्प और उभरते हरियाणा की झलक प्रदर्शित कर रहे हैं। इसके साथ ही फाइन आर्ट्स विभाग, होम साइंस विभाग, आईआईएचएस, धरोहर संग्रहालय, स्टार्टअप स्टाॅल, स्वदेशी उत्पाद, सरस्वती नदी अनुसंधान केंद्र, यज्ञशाला और फोटो क्लिकिंग (पगड़ी बंधवाओ) का स्टाॅल भी आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
पर्यटकों को हरियाणा की समृद्ध संस्कृति व रीति-रिवाज से रूबरू होने का मौका मिल रहा है। हरियाणा पैवेलियन का आयोजन विश्वभर से आने वाले पर्यटकों को हरियाणा की सभ्यता, रीति-रिवाज, परंपरा, बोल-बानी, त्योहार, रहन-सहन, काम और विकास यात्रा से रूबरू करवाने के लिए किया गया है ताकि एक ही जगह पर उन्हें संपूर्ण हरियाणा के दर्शन हो सकें। हरियाणा पैवेलियन में आत्मनिर्भर भारत, स्वावलंबी भारत व स्वदेशी को बढ़ावा देने का प्रयास किया गया है। इसके साथ-साथ विश्वविद्यालय के छात्रों को मंच दिया गया है कि वो आगे आएं और कला और कौशल का प्रदर्शन कर जीवन में आगे बढ़ें।
कुरुक्षेत्र। पैवेलियन में गुड्डा-गुड्डी की सजी स्टॉल। स्वयं