कुरुक्षेत्र। जिले से सटे छोटे से गांव दयालपुर की बेटी अंजलि ने बड़ा सपना देखा और उसे साकार करने की ओर बढ़ चली है। अंजलि अब जर्मनी के राइन में 16 से 27 जुलाई के बीच आयोजित हो रही वर्ल्ड यूनिवर्सिटी गेम्स में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी। वह इस प्रतियोगिता में 10 हजार मीटर की दौड़ में हिस्सा लेंगी। प्रतियोगिता की तैयारी के लिए अंजलि सुबह-शाम अभ्यासरत है।
खेल अधिकारी सुरेंद्र बिश्नोई, ओलंपियन इंद्रजीत पटेल, कोच चांदराम, कोच सतनाम और ओलंपियन जगसीर सिंह ने चयन पर अंजलि को शुभकामनाएं दी हैं। अंजलि की इस उपलब्धि से जिले में खुशी की लहर है। अंजलि ने कहा कि देश के लिए दौड़ना मेरे लिए गर्व की बात है। उन्होंने अपने कोच अमित राहड़, माता-पिता और भाई का आभार जताते हुए उन्हें ही अपनी इस उपलब्धि का श्रेय दिया। अंजलि के पिता श्याम लाल मजदूरी कर घर का खर्च चलाते हैं, लेकिन बेटी के सपनों को कभी सीमित नहीं किया। अंजलि ने बताया कि पापा ने कभी हार नहीं मानी, वह इस प्रतियोगिता में भारत के लिए मेडल जीतकर उनके सपनों को हकीकत में बदलना चाहती है। 19 जुलाई को अंजलि दिल्ली एयरपोर्ट से जर्मनी के लिए रवाना होंगी।
नेशनल सीनियर फेडरेशन में जीत चुकी हैं पदक
हाल ही में कोच्चि केरल में आयोजित नेशनल सीनियर फेडरेशन कप में अंजलि ने पांच हजार मीटर की दौड़ में 16 मिनट 25 सेकेंड का समय निकालते हुए कांस्य पदक जीता था।
शिक्षा और खेल में साथ-साथ आगे बढ़ रही अंजली
अंजली ने बताया कि वह वर्तमान में सेठ नवरंग राय लोहिया जयराम कन्या महाविद्यालय लोहार माजरा से बीबीए प्रथम वर्ष की पढ़ाई कर रही है। उनका मानना है कि उसकी इस उपलब्धि में माता-पिता और कोच का बड़ा योगदान है। महाविद्यालय प्रशासन का भी समय-समय पर पूर्ण सहयोग रहा है।