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Kurukshetra News: मीरी-पीरी मेडिकल संस्थान की सेवा संभाल के लिए दादूवाल व एसजीपीसी आमने-सामने

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कुरुक्षेत्र। मीरी-पीरी संस्थान में दादूवाल व डीएसपी रामकुमार के बीच हुई बहस का दृश्य। वायरल वीड - फोटो : Samvad
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कुरुक्षेत्र। मीरी-पीरी मेडिकल कॉलेज की सेवा संभाल के लिए शुक्रवार देर रात तक हंगामा चलता रहा। इस दौरान हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी नामित सदस्य बलजीत सिंह दादूवाल व शाहाबाद डीएसपी रामकुमार के बीच तीखी बहस हुई। डीएसपी ने सख्त लहजे में कहा कि अभी हाथ जोड़कर यहां से जाने के लिए कह रहा हूं नहीं तो खींच कर बाहर लेकर जाऊंगा। आखिर में दादूवाल को पुलिस के कड़े पहरे में बाहर जाना पड़ा। इस बीच उनके समर्थक और एचएसजीएमसी कमेटी के मीत प्रधान गुरबीर सिंह तलाकौर को वहां मौजूद एक व्यक्ति ने एक के बाद एक कई थप्पड़ मार दिए। पूरी वारदात का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
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दादूवाल मीत प्रधान गुरबीर तलाकौर व अन्य समर्थकों के साथ मीरी-पीरी मेडिकल कॉलेज में कार्यरत कच्चे कर्मचारियों के उन्हें पक्का करने की मांग के लिए चल रहे धरने पर उन्हें समर्थन देने पहुंचे थे। दादूवाल ने इस संस्थान पर सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का हवाला देते हुए प्रबंधन संभाल लेने का एलान किया तो वहां एसपीजीसी सदस्य भी मौके पर पहुंच गए। क्योंकि अभी ट्रस्ट का कब्जा उन्हीं के पास है और माहौल बिगड़ता देख एसपीजीसी ने पुलिस को मौके पर बुला दादूवाल पर माहौल खराब करने का आरोप लगाया। इस बीच दोनों पक्षों में तनाव बना रहा।
तनाव बढ़ता देख डीएसपी ने दादूवाल को जाने के लिए कहा लेकिन दादूवाल बाहर न जाने की जिद्द पर अड़ गए। दादूवाल ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने फैसला उनके हक में दिया हुआ है। इस दौरान एसपीजीसी के लोग हाईकोर्ट के स्टे ऑर्डर का हवाला देते रहे। इस दौरान दोनों के बीच काफी तीखी बहस हो गई। वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा है कि डीएसपी दादूवाल को सुप्रीम कोर्ट के ऑर्डर की काॅपी थाने में जमा कराने की बात कहते हुए दिखाई दे रहे हैं। कॉपी जमा कराने व प्रधान को साथ लेकर आने पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट लगा कब्जा दिलाने की बात कही। इस पर दादूवाल ने भड़कते हुए कहा कि आप अपना काम करें हम कब्जा खुद ले लेंगे।
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सामने से डीएसपी ने दादूवाल की तल्खी पर कहा कि अभी तो हाथ जोड़कर यहां से जाने के लिए कह रहा हूं। बाद में हाथ पकड़कर खींच कर बाहर ले जाऊंगा। इस दौरान दादूवाल तो पुलिस पहरे में बाहर निकल गए पर मीत प्रधान पर हमला कर दिया गया। वीडियो में दिखाई दे रहा है कि इस दौरान एक युवक बीच-बचाव करने आया लेकिन हमलावर व्यक्ति उससे छुटवाकर भी दो थप्पड़ और मार देता है। इसके बाद पुलिस ने बीच-बचाव करते हुए उन्हें बाहर निकाला और मामला शांत करवाया। शनिवार को दादूवाल ने मीत प्रधान को साथ लेकर पूरे मामले की एसपी से मिलकर उन्हें शिकायत भी दर्ज करवाई है।
मीरी-पीरी चेरिटेबल ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने दादूवाल पर लगाया गुंडागर्दी का आरोप

शाहाबाद। मीरी-पीरी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एंड रिसर्च चैरिटेबल ट्रस्ट प्रशासन ने शनिवार को पत्रकार वार्ता कर संस्थान पर कथित कब्जे की कोशिश पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। ट्रस्ट पदाधिकारियों ने दादूवाल और उनके साथियों पर नाजायज तरीके से संस्थान पर कब्जा करने का प्रयास करने का आरोप लगाते हुए इसे असांविधानिक और गुंडागर्दी करार दिया।
ट्रस्ट के सीईओ इंद्र सिंह चीमा ने बताया कि पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट की डिवीजन बेंच ने वर्ष 2009 में मीरी-पीरी को एक स्वतंत्र चैरिटेबल ट्रस्ट घोषित किया था जिसमें शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी का कोई हस्तक्षेप नहीं है। उन्होंने बताया कि हरियाणा कमेटी की ओर से संस्थान पर दावा जताते हुए बनाए गए सात डॉक्टरों के बोर्ड पर अदालत ने पहले ही स्टे लगा रखा है, जो अब तक जारी है। इस मामले में अगली सुनवाई 20 अप्रैल 2026 को निर्धारित है।
ट्रस्ट के कार्यकारी चेयरमैन रघुजीत सिंह विर्क ने आरोप लगाया कि ट्रस्ट के पास सभी वैध न्यायालय आदेश मौजूद हैं, जबकि दादूवाल कोई दस्तावेज पेश नहीं कर सके। वाइस चेयरमैन बलदेव सिंह कायमपुर ने दादूवाल और दीदार सिंह नलवी को शरारती बताते हुए आरोप लगाया कि इन्हीं कारणों से अब तक मेडिकल कॉलेज की शुरुआत नहीं हो पाई है। ट्रस्ट ने दादूवाल के साथ मारपीट के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि संस्था के किसी भी सदस्य ने हिंसा नहीं की। वायरल वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि यह घटना संस्थान से संबंधित नहीं है और किसी निजी विवाद का परिणाम हो सकती है।

कुरुक्षेत्र। मीरी-पीरी संस्थान में दादूवाल व डीएसपी रामकुमार के बीच हुई बहस का दृश्य। वायरल वीड- फोटो : Samvad

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