कुरुक्षेत्र। मोर्चरी हाउस के बाहर खड़े अंकित व रंजना के परिजन। संवाद
कुरुक्षेत्र/शाहाबाद। रेलवे के मारकंडा पुल पर ट्रेन की चपेट में आकर जान गंवाने वाले युवक-युवती की पहचान हो गई है। अंबाला जिले के अधोया गांव निवासी 27 वर्षीय अंकित पुत्र अशोक कुमार और 22 वर्षीय रंजना के रूप में उनकी शिनाख्त हुई।
रंजना का परिवार मूल रूप से उत्तर प्रदेश के सहारनपुर का है, जो पिछले चार वर्षों से अधोया में गुड़ बनाने का कार्य करता है। जांच में सामने आया कि अंकित सूअर खरीदने का बहाना बनाकर घर से निकला था। वहीं रंजना ने पेट दर्द की दवाई लेने की बात कहकर घर छोड़ा था। दो अगस्त की सुबह दोनों शाहाबाद स्थित मारकंडा मंदिर पहुंचे। वहां दर्शन करने के बाद मंदिर परिसर के पास पार्किंग क्षेत्र में उनके बीच विवाद हो गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोपहर करीब दो बजे दोनों को बहस करते देखा गया। कुछ देर बाद वे रेलवे ट्रैक की ओर चले गए और ट्रेन के आगे कूद गए। हादसे में दोनों के शव कई हिस्सों में बंट गए। मृतक अंकित के ससुर जसकरण ने बताया कि दोनों के बीच प्रेम-प्रसंग था। अंकित की शादी तीन वर्ष पहले हुई थी और उसकी दो साल की बेटी भी है। रंजना के भाई ने इस मामले में कोई जानकारी न होने की बात कही।
बुधवार सुबह दोनों परिवारों ने लोकनायक जयप्रकाश जिला नागरिक अस्पताल में शवों की पहचान की। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए। अंकित का अंतिम संस्कार अधोया में किया गया, जबकि रंजना का शव उत्तर प्रदेश ले जाया गया। मामले में किसी भी पक्ष ने कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई है।
कुरुक्षेत्र। मोर्चरी हाउस के बाहर खड़े अंकित व रंजना के परिजन। संवाद