कृषि विभाग अब किसानों की जमीन के स्वस्थ की जांच करेगा। जिसमें कमी पाए जाने पर न केवल जमीन को सुधारे जाने के प्रयास किए जाएंगे बल्कि किसानों को भी इससे पूरी तरह से अवगत करवाया जाएगा। इसके लिए किसानों को बकायदा सॉइल हेल्थ कार्ड जारी किए जाएंगे, जिसकी पूरी रिपोर्ट प्रदेश व केंद्र सरकार को भेजी जाएगी तो वहीं वेब पोर्टल पर भी इन सभी किसानों का डाटाबेस बनाया जाएगा।
केंद्र सरकार की इस योजना को कृषि विभाग ने अमलीजामा पहनाना शुरू कर दिया है। जिसके अनुसार हर ढ़ाई एकड़ की दूरी पर किसानों की जमीन से जीपीएस के माध्यम से सैंपल लिए जाएंगे। इन सैंपल के आधार पर संबंधित किसानों का सॉइल हेल्थ कार्ड बनाया जाएगा, जिसमें मृदा के सभी 12 पोषक तत्वों की जानकारी होगी।
इसके तहत जिला के 60 हजार किसानों को यह कार्ड जारी किए जाएंगे और विभाग को यह कार्य अगले वर्ष 31 मार्च तक पूरा करना होगा, जबकि विभाग अभी तक 19 हजार सैंपल ले चुका है। इसके लिए विभाग के 35 एडीओ की टीमें तैनात की गई है। किसानों को साइल हेल्थ कार्ड जारी किए जाने के बाद यह पूरा विवरण सॉइल हेल्थ वेब पोर्टल पर जारी किया जाएगा।
किसान के मोबाइल नं से लेकर पूरी जानकारी होगी
सॉइल हेल्थ कार्ड के लिए किसान की यूनिक आईडी जारी की जाएगी। कार्ड में किसान के मोबाइल नं से लेकर संबंधित किले व मरबा नं सहित पूरा विवरण दिया जाएगा। इसमें जमीन के सैंपल की रिपोर्ट भी दर्शाई जाएगी तो वहीं इस कार्ड में आधार नं व वोटर नं भी इसमें दिया जाएगा तो इसे वेब पोर्टल पर भी जारी किया जाएगा। ये कार्ड उसी किसान को जारी किया जाएगा, जिसके नाम जमीन होगी।
कितना खाद डालना, मिलेगी जानकारी
सॉइल हेल्थ कार्ड के माध्यम से किसानों को अपने खेत में कितना खाद डालना है और कौन सी फसल उस जमीन में अच्छी हो सकती है, यह पूरी जानकारी मिल पाएगी। यह भी उम्मीद जताई जा रही है कि उर्वरक पर सरकार द्वारा दी जाने वाली सब्सिडी सीधे किसानों के बैंक खाते में जारी की जाए, ताकि किसानों को इसका सीधा लाभ मिल सके।
डीसी आज लेंगे योजना पर 5 विभागों की बैठक
सॉइल हेल्थ कार्ड को लेकर जिला में अभी तक योजना को कितना अम्ल में लाया गया है। इसे लेकर जिला उपायुक्त भी गंभीर है। उपायुक्त आरएन कौशिक 5 विभागों के अधिकारियों की बैठक लेंगे, जिसमें तहसीलदार, नायब तहसीलदार, बीडीपीओ, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक, हार्टिकल्चर व कृषि विभाग के अधिकारी शामिल होंगे। बैठक में योजना को लेकर उपायुक्त रिपोर्ट लेंगे तो दिशा-निर्देश भी दिए जाएंगे।
किसानों को होगा बड़ा फायदा : वजीर सिंह
कृषि विभाग के उप निदेशक डा वजीर सिंह का कहना है कि अगले वर्ष 31 मार्च तक 60 हजार किसानों के सॉइल हेल्थ कार्ड बनाने का लक्ष्य पूरा कर लिया जाएगा। इससे किसानों को बड़ा फायदा होगा। उन्हें अपने खेत में उर्वरक डालने से लेकर फसलों के विविधिकरण किए जाने तक का भी फायदा होगा। किसानों को विभाग की ओर से समय-समय पर जानकारी मिल पाएगी तो वह जागरूक भी होंगे।