कुरुक्षेत्र। पिपली अनाज मंडी से मुख्यमंत्री नायब सैनी ने बुधवार को जिले से पंजाब के लिए राहत सामग्री के 20 ट्रकों को हरी झंडी दी। उन्होंने कहा कि प्रदेश के कई क्षेत्रों में लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं लेकिन सरकार उनके साथ खड़ी है।
सरकार नुकसान की भरपाई के लिए मुआवजा देने का काम कर रही है। इसके लिए ई क्षतिपूर्ति पोर्टल खोला है, जहां पीड़ित आवेदन कर रहे हैं। अभी तक 324583 किसान 1922617 एकड़ बर्बादी का पंजीकरण करवा चुके हैं।
कार्यकर्ताओं से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि इन ट्रकों में दाल, चावल, पानी, रस, आचार, मेडिकल किट, मच्छरदानी, तिरपाल, पशुओं के लिए हरा चारा, चौकर सहित अन्य दैनिक उपयोग की सामग्री शामिल है। उन्होंने कहा कि पंजाब, हिमाचल, जम्मू कश्मीर के लोग बाढ़ से प्रभावित हैं। इन बाढ़ प्रभावित इलाकों में हरियाणा के नागरिकों, सामाजिक संस्थाओं, समितियों के सहयोग से राहत सामग्री भेजी जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बाढ़ के कारण मृत्यु होने पर उस परिवार को तुरंत चार लाख रुपये की राशि सहायता के तौर पर दी जा रही है। इसके अलावा किसी भी प्रकार की हानि होने पर मुआवजा निर्धारित किया गया है।
पिछले साढ़े 10 साल में किसानों को फसलों के खराबे का 15500 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जा चुका है। उन्होंने प्रदेश सरकार के सभी अधिकारियों व कर्मचारियों से आग्रह किया है कि वे बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए अपनी इच्छा अनुसार हरियाणा मुख्यमंत्री राहत कोष में मदद करें।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने देश के नव निर्वाचित उप-राष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन को बधाई दी और कहा कि उपराष्ट्रपति के तौर पर उनकी अगुवाई में देश और तरक्की करेगा।
कुरुक्षेत्र। पंजाब के लिए राहत सामग्री के 20 ट्रकों को हरी झंडी दिखाकर रवाना करते मुख्यमंत्री