अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव का आगाज करेंगे राष्ट्रपति
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र।
अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव-2017 का आगाज 25 नवंबर को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद करेंगे। महोत्सव को यादगार बनाने के लिए देश के कई प्रमुख कलाकारों सहित मॉरिशस के लोक कलाकार भी प्रस्तुति देंगे। इन कलाकारों का उत्साह बढ़ाने के लिए मॉरिशस के पूर्व प्रधानमंत्री सर अनिरुद्ध जगन्नाथ भी महोत्सव में आएंगे। यह जानकारी सोमवार को ब्रह्मसरोवर तट पर स्थित कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड के सभागार में आयोजित बैठक में थानेसर के विधायक सुभाष सुधा ने दी।
बैठक से पहले विधायक सुभाष सुधा, राज्यपाल के सचिव और केडीबी के सदस्य सचिव डॉ. अमित अग्रवाल, उपायुक्त सुमेधा कटारिया, केडीबी के मानद सचिव अशोक सुखीजा ने समाजसेवी और धार्मिक संस्थाओं के साथ अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती के कार्यक्रमों के बारे में चर्चा की। इस दौरान प्रतिनिधियों से संस्थाओं की तरफ से कुछ नया करने की अपील की गई। विधायक ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती के मुख्य कार्यक्रम 25 नवंबर से 30 नवंबर तक होंगे। शिल्प मेला 17 नवंबर से तीन दिसंबर तक चलेगा। वहीं हरियाणा के राज्यपाल के सचिव डा. अमित अग्रवाल ने कहा कि महोत्सव में सभी संस्थाओं को कुछ नया और बड़े स्तर का आयोजन करने का प्रयास किया जाना चाहिए। सभी संस्थाओं से प्रस्ताव भी आमंत्रित किए गए हैं। सभी संस्थाएं मुख्य मेले में अच्छे से अच्छा प्रदर्शन कर सके। कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड और प्रशासन की तरफ से सभी संस्थाओं को हर संभव सहयोग दिया जाएगा। उन्होंने सभी संस्थाओं के प्रतिनिधियों से अपील की कि वे 25 अक्तूबर तक गीता जयंती कार्यक्रमों की सूची केडीबी को दे। केडीबी के मानद सचिव अशोक सुखीजा ने शहर वासियों से अपील की कि वे गीता जयंती पर दीपावली की तरह कुरुक्षेत्र का हर घर जगमगाएं। इस मौके पर आरएसएस के विभाग कार्यवाह डॉ. प्रीतम सिंह, केडीबी सदस्य मदन मोहन छाबड़ा, उपेंद्र सिंघल, राजेंद्र जोशी, सौरव चौधरी, डॉ. सुचि स्मिता, डॉ. केसी रंगा आदि मौजूद थे।
महोत्सव में पॉलिथीन और थर्मोकॉल पर रहेगा प्रतिबंध
राज्यपाल के सचिव डॉ. अमित अग्रवाल ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव-2017 में पोलिथीन और थर्मोकॉल के इस्तेमाल पर प्रतिबंध रहेगा। सभी संस्थाओं से अपील की गई हैं कि लंगर, पीने के पानी और भंडारों में अन्य व्यवस्थाओं में इनका उपयोग न करें।
ब्रहमसरोवर की आरती रहेगी आकर्षण का केंद्र
इस महोत्सव में ब्रह्मसरोवर की सायंकालीन आरती में एक दिन धार्मिक संस्थाए, एक दिन व्यवसायिक संस्थाए, एक दिन महिला संस्थाएं और एक दिन पंचायती राज संस्था शामिल होंगी। इसके साथ ही अन्य दिनों में रोजाना अलग-अलग संस्थाओं के लोगों को बुलाया जाएगा।
10 नवंबर तक शुरू होगी निरंतर स्वच्छ जल परियोजना
मुख्यमंत्री के विशेष प्रयासों से शहर की 70 साल पुरानी मांग को इस महोत्सव से पहले पूरा कर दिया जाएगा। इस महोत्सव से पहले यानी 10 नवंबर तक ब्रह्मसरोवर के निरंतर स्वच्छ जल की परियोजना को पूरा कर लिया जाएगा। पर्यटकों को सरोवर में स्वच्छ जल मिल पाएगा।
बैठक में इन संस्थाओं ने रखे कार्यक्रम
ब्रह्माकुमारी आश्रम, जयराम विद्यापीठ, बर्फानी सेवा मंडल, माता अंजनी सेवा संस्थान, पाल समाज, प्रेरणा सेवा भारती, मातृ सेवा मिशन, अखिल भारतीय तीर्थ पुरोहित महासभा आदि ने महोत्सव के दौरान संस्था की तरफ से किए जाने वाले तमाम कार्यक्रमों की रूपरेखा सबके समक्ष रखी। गौरतलब है कि प्रतिनिधियों की बैठक का समय सवा 12 बजे का रखा गया था। लेकिन, राज्यपाल के सचिव और केडीबी मेंबर की बैठक पहले शुरू होने के कारण बैठक में सवा घंटे का विलंब हुआ। इस वजह से कुछ सदस्य बिना सुझाव दिए चले गए।