अमर उजाला ब्यूरो
शाहाबाद। भारतीय किसान यूनियन और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने वीरवार को मिलकर दादूपुर नलवी नहर के निर्माण की मांग हरियाणा सरकार से की है। पूर्व विधायक ने कहा कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर को इस क्षेत्र में आकर किसानों से बातचीत करनी चाहिए थी। उसके बाद यह निर्णय लेना चाहिए था। भाकियू के बैनर तले बड़ी संख्या में किसान प्रदेशाध्यक्ष कर्म सिंह मथाना और राकेश बैंस के नेतृत्व में कांग्रेस के धरना स्थल पर पहुंचे। उन्होंने नहर के मुद्दे पर धरना देने के लिए पूर्व विधायक अनिल धंतौड़ी और कांग्रेस कार्यकर्ताओं का आभार जताया।
इससे पहले पूर्व विधायक अनिल धंतौड़ी ने किसानों का स्वागत किया और कहा कि इस लड़ाई में कांग्रेस उनके साथ है। उन्होंने कहा कि भाजपा विजय माल्या जैसे धनाढ्यों के कर्जे तो माफ कर रही है, लेकिन कोर्ट के निर्णय पर किसानों को मुआवजा देने की बात आती है, तो इस परियोजना को बंद कर रही है। जब तक भाजपा यह निर्णय वापस नहीं लेती, तब तक लड़ाई जारी रहेगी। पत्रकारों से बातचीत में भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष कर्म सिंह मथाना और प्रेस प्रवक्ता राकेश बैंस ने कहा कि वह नहर के निर्माण के लिए लड़ाई लड़ रही विपक्षी पार्टियों को धन्यवाद देते हैं। कर्म सिंह ने कहा कि नहर बंद होने से किसानों को नुकसान हुआ है। राहत इस मुद्दे पर वह राज्यमंत्री कृष्ण बेदी से खुली बहस को तैयार हैं। यदि राज्यमंत्री इस बहस में सच्चे साबित होते हैं तो उनका हर निर्णय स्वीकार किया जाएगा। पूछा गया कि नहर बंद होने पर किसान मुख्यमंत्री को धन्यवाद देना चाहते हैं, तो कर्म सिंह ने कहा कि वह किसान नहीं बल्कि भाजपा के अपने वर्कर हैं। वे विधायक कृष्ण बेदी दबाव में यह बात कह रहे हैं। कर्म सिंह ने कहा कि असलियत यह है कि यदि नहर बंद होती है तो आने वाले पांच सालों में इस क्षेत्र में सिंचाई संकट गहरा जाएगा। इस अवसर पर हरदीप राणा, रणधीर कश्यप, दीपा गौरीपुर, बलकार सिंह, लखविन्द्र सिंह लखा, मान सिंह रतनगढ़, अमरीक सिंह, बिल्ला वडैच, पवन कुमार, छोटू राम, अर्जुन सिंह, संदीप सिंह, जगदेव सिंह आदि मौजूद रहे।
यह बैठे धरने पर
कांग्रेस के 51 दिन के धरने के अंतर्गत वीरवार को चौथे दिन कमल छाबड़ा, टोनी शर्मा, बगीचा सिंह, राज कुमार, रघुबीर सिंह, नवाब सिंह, रविंद्र सिंह हबाना, जोगिन्द्र सिंह, कर्मबीर सिंह हबाना, विक्रम सिंह हबाना, प्रिंस हबाना क्रमिक अनशन पर बैठे।