कुरुक्षेत्र। सुकृत सेंटर ऑफ एक्सीलेंस पर खर्च की जानकारी देती हुई सुमन सैनी। विज्ञप्ति
लाडवा। गांव मथाना में दस एकड़ में बनने वाले वैदिक कृषि और पारंपरिक कारीगरी व प्रबंधन संस्थान ‘सुकृत’ को लगभग 150 करोड़ रुपये की राशि खर्च कर तीन चरणों में विकसित किया जाएगा। संस्थान का पहला चरण मार्च 2027 तक पूरा हो जाएगा।
‘सुकृत’ संस्थान विशेष केंद्र की स्थापना से कृषि और पारंपरिक कौशल को आधुनिक स्वरूप देने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। गांव में लगभग नौ एकड़ भूमि चिन्हित कर विश्वविद्यालय प्रशासन को सौंप दी गई है। तीन चरणों में इस संस्थान में अत्याधुनिक शैक्षणिक भवन, शोध प्रयोगशालाएं, प्रशिक्षण केंद्र और कौशल विकास इकाइयां स्थापित की जाएंगी।‘सुकृत’ में स्नातक, स्नातकोत्तर और पीएचडी स्तर तक के पाठ्यक्रम संचालित किए जाएंगे। संवाद