कुरुक्षेत्र। गांव दयालपुर में वीरवार की सुबह रसोई गैस लीकेज के बाद लगी आग में झुलसे तीन और बच्चों ने शुक्रवार को पीजीआई चंडीगढ़ में दम तोड़ दिया। रेशो देवी की एक बेटी की वीरवार को मौत हो गई थी। चारों बच्चों की पीजीआई में मौत के बाद शुक्रवार शाम गांव दयालपुुर में अंतिम संस्कार किया गया। इस घटना के बाद से गांव में मातम पसरा हुआ है।
रेशो देवी की सबसे बड़ी पुत्री रीना ने वीरवार को ही पीजीआई चंडीगढ़ में दम तोड़ दिया था। रीना के बाद उसकी 16 वर्षीया जुड़वा बहन मीना, 13 वर्षीया भाई गौरव और 11 वर्षीया सबसे छोटी बहन रजनी की पीजीआई में उपचार के दौरान शुक्रवार को मौत हो गई। जैसे ही शव चारों शव दयालपुर स्थित उक्त घर में पहुंचे तो कोहराम मच गया। अंतिम यात्रा में पीड़ित परिवार के रिश्तेदारों, पड़ोसियों, दयालपुर और आसपास के लोगों के अलावा राजनीतिक दलों के नेता अंतिम संस्कार के समय मौके पर पहुंचे। देर शाम को गांव के श्मशान ने काफी संख्या में लोग अंतिम संस्कार के दौरान मौजूद रहे। इन चारों बच्चों का अंतिम संस्कार ग्रामीणों ने किया। इनकी मां पीजीआई में भर्ती है,जबकि पिता लच्छूराम कुवैत में है। इनके पिता लच्छूराम के सोमवार तक देश लौटने की उम्मीद है। बताया गया है कि कुवैत से भारत लौटने के लिए उक्त पीड़ित परिवार के मुखिया की कागजी कार्रवाई पूरी नहीं हुई थी।
दयालपुर में उक्त चारों बच्चों के अंतिम संस्कार में सांसद रामकुमार कश्यप, इनेलो प्रदेशाध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री अशोक अरोड़ा, भाजपा जिला प्रधान धर्मवीर मिर्जापुर, जिला परिषद के चेयरमैन गुरदयाल सुनहेड़ी, भाजपा नेता कृष्ण बजाज, भाजपा संवाद प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक धुम्मन सिंह किरमिच, ब्लाक समिति के चेयरमैन देवीदयाल, जिला प्रशासन की ओर से तहसीलदार ईश्वर चंद, पुलिस प्रशासन की ओर से डीएसपी राज सिंह तथा खंड विकास अधिकारी विकास मौजूद रहे।
उल्लेखनीय है कि वीरवार की सुबह करीब साढ़े पांच बजे दयालपुर गांव में स्थित एक घर में रसोई गैस लीकेज के चलते आगजनी की घटना हुई थी। उक्त घर में चाय-नाश्ता बनाते समय रसोई गैस लीकेज हो गई थी। इस दौरान चाय नाश्ता तैयार कर रही रेशो देवी और उसकी तीन बेटियां सहित एक पुत्र बुरी तरह से झुलस गए थे। एनआईटी के निकट स्थित बाणगंगा दयालपुर में हुई इस हादसे के बाद पांचों के पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया था,जहां कुछ घंटे बाद ही रीना ने दम तोड़ दिया था।
श्मशान घाट में छह संस्कार हुए, एक की सदमे मौत
दयालपुर के श्मशान घाट में चारों बच्चों सहित छह अंतिम संस्कार हुए। ग्रामीणों के मुताबिक आज का दिन उनके गांव के लिए काफी खराब रहा। गांव के पूर्व पंचायत सदस्य सुरजीत ने बताया कि उसकी लगभग 70 वर्षीय माता को जब यह पता चला कि इन चारों बच्चों की मौत हो गई है तो उसे गहरा सदमा लगा और इस वृद्ध महिला की हार्टअटैक होने से मौत हो गई। बताया गया है कि उक्त वृद्धा शुक्रवार दोपहर को ही बैंक गई थी। जैसे ही उसे उसे चारों बच्चों की मौत की सूचना मिली, उसने सदमे में दम तोड़ दिया। बताया गया कि इसी गांव में एक अन्य बुजुर्ग महिला का भी अंतिम संस्कार आज ही हुआ था।