पुलिस पर प्रताड़ना का आरोप लगाकर एक युवक मंगलवार को कमेटी चौक पर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गया है। रणबीर भुंबक का आरोप है कि पुलिस उसे प्रताड़ित कर आत्म हत्या करने के लिए मजबूर कर रही है। अपने बचाव के लिए रणबीर ने सोमवार को आईजी पुलिस और डीजीपी के लिखित शिकायत की थी। जिसके चलते रणबीर ने मंगलवार को एससी एसटी आयोग के चेेयरमैन डॉ. राजकुमार वेरका से भी सहायता की गुहार लगाई है।
धरने पर बैठे रणबीर ने बताया कि दो जून नगर निगम के चुनाव उसकी पत्नि भी मैदान में था। चार जून को मतगणना के दौरान कुछ पुलिस अधिकारियों के कहने पर पुलिस कर्मियों से उससे मारपीट करते हुए जाति सूचक शब्द कहे थे।
भुंबक का आरोप है कि ड्यूटी पर तैनात पुलिस अधिकारियोंने उसके प्रतिद्वंद्वी की सहायता करते हुए उससे पक्षपात भी किया था, लेकिन मामले के छह महीने बीत जाने के बाद अब रणबीर पुलिस अधिकारियाें और कर्मचारियों पर आरोप लगा रहा है। भुंबक का आरोप है कि जिन पुलिस अधिकारियों और कर्मियों ने उससे मारपीट कर जातिसूचक शब्द कहे थे, उनके खिलाफ एससीएसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया जाए।
भुंबक ने बताया कि जब तक अधिकारियों व कर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे न्याय नहीं मिलता, धरना जारी रहेगा।