संवाद न्यूज एजेंसी
घरौंडा। करीब पांच साल के इंतजार के बाद कोहंड का रेलवे ओवरब्रिज का काम फिर शुरू हो गया है। इसके दो महीने में बनकर तैयार होने का दावा किया जा रहा है। ओवरब्रिज के बनने के बाद कोहंड से गांजबड़-बड़ौली की ओर जाने वाले वाहनों को दूसरे रास्तों से नहीं गुजरना पड़ेगा। रेलवे की प्रक्रिया और कोरोना के कारण निर्माण कार्य अटक गया था। कुल 51 करोड़ रुपये की इस परियोजना से लोगों को सुगम सफर की सुविधा मिलेगी।
गांव कोहंड में निर्माणाधीन ओवरब्रिज का निरीक्षण करने के लिए मंगलवार को हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण पहुंचे और बारीकी से सभी कार्यों को जांचा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्य तीव्र गति से होना चाहिए ताकि लोगों को शीघ्र ही ओवरब्रिज की सौगात मिल सके। अध्यक्ष कल्याण ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि बताया कि रेलवे की ओर से अभी कुछ काम बाकी है, दो महीने में कार्य पूरा हो जाएगा।
विदित हो कि गांव कोहंड के दोनों ओर बसासत है। इसलिए पुल मंजूर कराते समय लोगों की सुविधा के लिए अंडरपास का भी प्रावधान कराया गया। रेलवे लाइन के ऊपर का हिस्सा रेलवे द्वारा बनवाया जा रहा है। पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा अपने हिस्से का काम पूरा कर लिया गया है। उल्लेखनीय है कि इस पुल पर पीडब्ल्यूडी द्वारा करीब 37 करोड़ और रेलवे द्वारा 14 करोड़ से अधिक की राशि खर्च की जा चुकी है।
डिजाइन बदलने में हुई ज्यादा देरी
अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण ने बताया कि लोगों की सुविधा अनुसार पुल के डिजाइन में भी बदलाव कराना पड़ा, क्योंकि कोहंड से गांजबड़-बड़ौली की ओर जाने वाले रास्ते पर मुड़ने के लिए वाहनों को दिक्कत पेश आती थी और गांव भी एक-तरह से दो हिस्सों में बंट गया था। डिजाइन में बदलाव के लिए सरकार से विशेष मंजूरी ली गई।