-मारे गए बदमाशों में करनाल का स़तीश व सोनीपत का मंजीत भी शामिल, चौथे की शिनाख्त जुटा रही पुलिस
-गोलीबारी में एसटीएफ के एसआई सुनील गोली लगने से गंभीर रूप से घायल, मेदांता में भर्ती कराया गया
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती जिले शामली चौसाना के समीप सोमवार-मंगलवार की रात करीब दो बजे यूपी एसटीएफ ने एक लाख के इनामी समेत अरशद समेत चार बदमाशों को मुठभेड़ में ढेर कर दिया। अरशद यूपी के सहारनपुर जिले के गंगोह का रहने वाला है। जबकि एक बदमाश की शिनाख्त करनाल के मधुबन की अशोक विहार कॉलोनी निवासी सतीश उर्फ सेठी के रूप में हुई है। एक अन्य अपराधी मंजीत दाहिया सोनीपत का रहने वाला है। चौथे बदमाश के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। मारे गए सभी अपराधी मुस्तफा कग्गा गैंग के बताए जा रहे हैं। फिलहाल यूपी पुलिस जानकारी जुटा रही है कि इन बदमाशों को आपस में कैसे संपर्क हुआ था।
मुठभेड़ के दौरान फायरिंग में यूपी एसटीएफ के निरीक्षक सुनील गोली लगने से घा़यल हो गए। उन्हें प्राथमिक उपचार के लिए करनाल लाया गया बाद में मेदांता रेफर कर दिया गया। उनके पेट में तीन गोलियां लगी हैं।
बताया जाता है कि यूपी एसटीएफ की टीम को सूचना मिली थी कि मुस्तफा कग्गा गैंग का इनामी बदमाश अरशद साथियों के साथ किसी वारदात को अंजाम देने के लिए जा रहा है। सूचना मिलने पर एसटीएफ की करीब 12 सदस्यों की टीम ने बदमाशों की कार को घेर लिया। इस दौरान बदमाशों ने एसटीएफ की टीम पर फायरिंग कर दी। एसटीएफ की टीम ने भी जवाबी कार्रवाई में बदमाशों पर गोलियां दाग दी। जिसमें चारों बदमाश ढेर हो गए।
घायल एसआई को लेकर सबसे पहले करनाल पहुंची पुलिस
मुठभेड़ में घायल एसटीएफ के निरीक्षक सुनील को लेकर यूपी पुलिस करनाल के प्राइवेट अस्पताल अमृतधारा पहुंची। सूचना मिलने पर करनाल के एसपी गंगाराम पुनिया एक डीएसपी सहित अस्पताल पहुंच गए। इस दौरान सिविल लाइन, सेक्टर 32 व सदर थाना प्रभारी भी पुलिस बल के साथ अस्पताल में पहुंच गए। डॉक्टरों ने घायल सुनील की हालत को गंभीर देखते हुए मेदांता रेफर कर दिया। इसके बाद एसपी गंगाराम पुनिया ने दो डीएसपी को पुलिस पायलट के साथ घायल सुनील के साथ भेजा और मेदांता अस्पताल में दाखिल कराया ताकि समय पर निरीक्षक सुनील अस्पताल में पहुंचे सके। सुबह भी एसपी ने घायल निरीक्षक सुनील की तबीयत के बारे में जानकारी ली।
हरियाणा पुलिस में एसआई थे सतीश के पिता
करनाल निवासी सतीश के पिता राज सिंह हरियाणा पुलिस में सब इंस्पेक्टर थे। वह करनाल में मधुबन पुलिस अकादमी के तैनात थे और 2017 में बीमारी के कारण उनकी मौत हो गई थी। सतीश की पत्नी की भी मौत हो चुकी है। वह अपनी मां व दो बेटियों के साथ रहता था। उसकी बेटी 11वीं व 12वीं कक्षा की छात्रा है। वह कभी-कभी घर आता था। सूत्र बताते हैं कि मूल रूप से सोनीपत के गांव शेखपुरा का रहने वाला सतीश पुलिस का मुखबिर भी था।
करनाल में दर्ज है चोरी, धोखाधड़ी व आर्म्स एक्ट के तहत मामले
- बदमाश सतीश उर्फ सेठी के खिलाफ करनाल में तीन अलग-अलग थानों में तीन मामले दर्ज हैं। बदमाश पर 3 नवंबर 2002 में आर्म्स एक्ट व डकैती की तैयारी की धाराओं में मामला दर्ज हुआ था। इसके बाद बदमाश ने 2012 में 21 अप्रैल को एक महिला से सोने की चेन तोड़ने की वारदात को अंजाम दिया था। 2013 में 17 जनवरी को धोखाधड़ी, चोरी सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया गया था। आरोपी जेल भी जा चुका है।