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Karnal News: मौत के सफर से कम नहीं है डंकी रूट से विदेश यात्रा

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- अमेरिका में राहुल गांधी से मिलने वाले घोघड़ीपुर के अमित ने घर पहुंचने पर सुनाई आपबीती
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-अमेरिका जाने के दौरान डंकी रूट पर जंगलों में नजर आए मानव कंकाल
- कहा, कोई भी युवा डंकी रूट से न जाए विदेश, हमेशा रहता है जान का खतरा, तीन माह में पहुंचा था अमेरिका
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। विदेश जाने के लिए युवा डंकी रूट का इस्तेमाल न करें। कोई एजेंट मदद नहीं करता। यह रास्ता बहुत खतरनाक होता है। मौत के सफर से कम नहीं होता है इस रास्ते से यात्रा करना। मैंने अपनी तीन माह लंबी डंकी रूट की यात्रा के दौरान जंगल में मानव कंकाल देखे। यह कंकाल उन लोगों के थे इस रास्ते से जाने के दौरान अपने एजेंट से किसी कारण से बिछड़ गए थे। यह कहना है करनाल के घोघड़ीपुर निवासी अमित मान का। अमित करीब 42 लाख रुपये खर्च कर डंकी रूट से अमेरिका गया था और करीब 22 माह बाद 29 जनवरी को घर लौट आया।
अमित अपनी यात्रा का दृष्टांत बताते समय काफी सहमा नजर आया। उसने बताया, गांव के काफी युवा अमेरिका गए हुए हैं। वह भी अमेरिकी डॉलरों के आकर्षण में फंस गया। उसने अपनी तीन बीघा जमीन बेच दी और मकान भी गिरवी रख दिया। वह 17 अप्रैल 2023 को डंकी रूट से अमेरिका जाने के लिए घर से निकल गया। एजेंट उसे कई देशों के जंगल, नदियों व पहाड़ों के रास्ते ले जा रहा था। रास्ता बहुत खतरनाक था। उसके साथ सफर में शामिल कई लोगों ने बीच रास्ते ही दम तोड़ दिया। जंगल में उसे मानव कंकाल नजर आए। करीब तीन महीने के सफर के बाद वह 6 जुलाई 2023 को अमेरिका की दीवार फांद पाया।
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अमित के अनुसार,उसे जंगल में कई बार भूखा रहना पड़ा। इस दौरान एजेंट किसी का साथ नहीं देता वह आगे चलता है। जो उसके साथ चल रहा है तो वह जंगल पार कर सकता है, जो पीछे रहे गया वह छूट जाता है। किसी के बीमार होने व चोट लगने पर कारवां रुकता नहीं है। एजेंट उसे छोड़कर आगे बढ़ जाता है। चूंकि यह यात्रा गैरकानूनी है तो विभिन्न देशों की सीमाओं पर स्थानीय पुलिस पैसे छीन लेती है।


अमित के आग्रह पर राहलु गांधी गए थे उसके घर
अमित ने बताया, वह इस दौरान अमेरिका में भाई तेजी मान और सोनीपत के एक युवक उपेंद्र मान के माध्यम से राहुल गांधी से मिला था। इस दौरान उसने राहुल गांधी से करनाल स्थित अपने घर जाने का आग्रह किया था। 20 सितंबर 2024 को राहुल गांधी घोघड़ीपुर आए थे। मान ने बताया वह अमेरिका में वह ट्रक चलाता था। 21 मई 2024 को अमेरिका में उसके साथ हादसा हो गया था। इस दौरान वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। करीब 22 दिन तक वह बेहोश रहा। जब उसे होश आया तो उसने अपने परिजनों को यह बात बताई। हादसे के कारण वह अच्छे से चल नहीं सकता और उसे दिखाई की कम देता है। लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी के कहने पर घरौंडा विधानसभा के पूर्व प्रत्याशी करनाल निवासी वकील वीरेंद्र सिंह राठौर उनका इलाज का खर्च उठा रहे हैं।
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क्या होता है डंकी रूट
डंकी रूट का मतलब होता है अवैध तरीके से किसी देश में प्रवेश करना। इस दौरान सफर करने वाले व्यक्ति को कई देशों, निर्जन द्वीपो, नदियों, समुद्रों के रास्ते अपने गंतव्य तक पहुंचना होता है। यह अमेरिका, इंग्लैंड, मैक्सिको या कोई देश हो सकता है। इस तरह की यात्रा में हमेशा जान का संकट बना रहता है।
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