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कोरोना से तीन की मौत, एक को नहीं मिला वेंटीलेटर

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जिले में गुरुवार को कोरोना से तीन और मरीजों की मौत हो गई। इनमें एक व्यक्ति को वेंटिलेटर नहीं मिल पाया। परिजन उसे लेकर कल्पना चावला मेडिकल कालेज पहुंचे थे, लेकिन वेंटिलेटर न मिलने के कारण उसे कुरुक्षेत्र के निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गयी। दूसरी ओर वीरवार को कोरोना के 199 नये मामले सामने आये हैं, जबकि 170 लोगों ने महामारी को मात दी है। करनाल में एक ओर जहां लगातार कोरोना के मरीज बढ़ते जा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर उपचार का टोटा होता जा रहा है। मरीजों को अस्पताल में न बेड मिल रहे हैं और न ही वेंटिलेटर, जिसके कारण उन्हें जान गंवानी पड़ रही है। राजीव कालोनी पोल्ट्री एरिया नीलोखेड़ी निवासी 52 वर्षीय व्यक्ति को कुरुक्षेत्र के निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया था। 12 सितंबर को उनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई। उनकी अपील पर उन्हें होम आइसोलेट कर दिया गया, लेकिन अगले ही दिन उनको सांस लेने में तकलीफ हुई तो नीलोखेड़ी के सरकारी अस्पताल पहुंचे, जहां से उन्हें कल्पना चावला मेडिकल कालेज के लिए रेफर कर दिया गया। लेकिन जब मरीज यहां पर पहुंचा तो कोई वेंटिलेटर खाली नहीं था, इसलिए मरीज को दाखिल नहीं किया जा सका। ऐसे में मरीज को लेकर परिजन दोबारा से कुरुक्षेत्र के निजी अस्पताल में पहुंचे। वहां पर तीन दिन उनका इलाज चला, लेकिन गुुरुवार को उन्होंने दम तोड़ दिया।
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वहीं मेहता फार्म के पीछे रहने वाली 52 वर्षीय महिला को दो दिन पहले सांस लेने में दिक्कत के कारण कल्पना चावला मेडिकल कालेज में दाखिल कराया गया था। दो दिन तक उनका इलाज चला, लेकिन गुरुवार को उनकी मौत हो गई। इसी प्रकार, वसंत विहार निवासी 65 वर्षीय व्यक्ति को चार पांच दिन से सांस लेने में तकलीफ महसूस हो रही थी। गुरुवार को उनको कल्पना चावला मेडिकल कालेज में दाखिल कराया गया, लेकिन इलाज के दौरान मौत हो गई।
अब 1930 एक्टिव केस
सिविल सर्जन की रिपोर्ट के अनुसार जिले में अब तक कोरोना वायरस संक्रमण से संदिग्ध कुल 64088 व्यक्तियों के सैंपल लिए गए। इनमें से 56957 की रिपोर्ट नेगेटिव आई है और 6204 मामले पॉजिटिव हैं, जिनमें से 86 मरीजों की मृत्यु हो चुकी है, 1930 एक्टिव हैं तथा 4188 मरीज ठीक होकर घर चले गए हैं।
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मेडिकल कालेज के डाक्टर सहित अन्य संक्रमित
सीएमओ डा. योगेश शर्मा ने बताया कि वीरवार को 60 केस एंटीजेन टेस्ट से तथा 139 केस आरटीपीसीआर से पाए गए हैं। इनमें एनडीआरआई कर्मी, पीएनबी कर्मी, अदालत में क्लर्क, लिबर्टी से दो, चार सैनिक, प्रापर्टी डीलर, कल्पना चावला मेडिकल कालेज का डाक्टर, सब्जी विक्रेता, उत्तम अस्पताल में कर्मी, मधुबन पुलिस अकादमी से तीन, सीएमओ आफिस कर्मी, सीएचसी घरौंडा कर्मी, सफाई कर्मचारी संक्रमित मिले हैं।
सैंपल लेने गई टीम को देख सदर बाजार में दुकानें की बंद
एक तरफ स्वास्थ्य विभाग और सरकार रोजाना 1500 लोगों के सैंपल लेने के लिए टारगेट दे रही है, वहीं दूसरी ओर आलम ये है कि लोग अब टेस्ट कराने से बच रहे हैं। स्थित यह है कि बुधवार को रामनगर में टीम को देख दुकानदारों ने दुकानें बंद कर दी थी। इसी प्रकार गुुरुवार को सुबह जैसे ही स्वास्थ्य विभाग की वैन सदर बाजार पहुंची तो दुकानदारों ने दुकानें बंद कर ली। मात्र चार से पांच लोगों ने ही सैंपल दिये।
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