करनाल। सुबह से तेज धूप के कारण लोगों को गर्मी का सामना करना पड़ा लेकिन दोपहर दो बजे के करीब कुछ देर झमाझम बारिश होने से कुछ राहत मिली। मौसम विशेषज्ञ का कहना है कि मानसून की विदाई हो रही है, अब अधिकतर समय मौसम खुश्क रहने की संभावना है लेकिन बिखरे बादलों से कहीं कहीं बूंदाबांदी संभव है।
इस बार सितंबर माह का तापमान 34.0 डिग्री सेल्सियस के पार हो रहा है, जिसके कारण लोगों तेज गर्मी और उमस का सामना करना पड़ रहा है। पिछले सालों की अपेक्षा करीब एक से डेढ़ डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी देखी जा रही है। गनीमत ये है कि इन दिनों खेतों में धान की फसल तैयार है, इसलिए तेज धूप भी अब धान में नमी को कम करने में सहायक सिद्ध होगी। जिसका लाभ किसानों को मिलेगा, वहीं दूसरी ओर बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों में भी खेत अपेक्षा जल्द फिर से खेती के लिए तैयार हो सकेंगे।
केंद्रीय मृदा लवणता अनुसंधान संस्थान की जिला मौसम वेधशाला में शुक्रवार को अधिकतम तापमान 34.0 व न्यूनतम तापमान 24.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। बारिश तो हुई लेकिन कुछ क्षेत्रों तक सीमित रही। पुरानी सब्जी मंडी क्षेत्र में करीब 4.2 एमएम बारिश हुई है। मौसम विशेषज्ञ डॉ.मदन खीचड़ का कहना है कि मानसूनी गतिविधियों की सक्रियता अब मंद हो सकती है, शनिवार से मौसम का मिजाज खुश्क रह सकता है लेकिन बिखरे बादलों से कहीं कहीं बूंदाबांदी या हल्की बारिश संभावित है।