-आढ़ती की दुकान पर लगी टोंटी से पाइप के जरिए डाला जा रहा था पानी
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। निसिंग अनाज मंडी में गेहूं के स्टॉक पर रात के समय पानी छिड़कने के मामले में अधिकारियों ने चुप्पी साध ली है। जिससे लगता है कि अधिकारी मामले को ठंडे बस्ते में डालने का प्रयास कर रहे हैं लेकिन अब यह मामला उच्च अधिकारियों के संज्ञान में चला गया है।
डीएफएससी विभाग के निदेशक ही अब इस मामले की जांच करेंगे। बीते मंगलवार की रात को निसिंग की अनाज मंडी में एक आढ़ती की दुकान के बाहर लगी टोंटी से पाइप लगाकर पानी का छिड़काव किया जा रहा था। इस दौरान एक व्यक्ति मौके पर पहुंच गया और उसने उनकी वीडियो बनानी शुरू की तो वहां पानी छिड़कने वाले कर्मचारी फरार हो गए। उस व्यक्ति ने मौके पर पड़ी पानी की पाइप, गेहूं के स्टॉक पर पड़ा पानी, आढ़ती की दुकान, जहां की टोंटी पर पानी की पाइप लगाई थी। सभी की फोटो व वीडियो बना ली। इस दौरान करनाल नंबर की दो कारें भी मौके पर ही खड़ी थी।
बताया जा रहा है कि मौके पर निरीक्षक अनूप भी मौजूद था। हालांकि निरीक्षक अनूप का इस बारे में कहना है कि वह उस रात घर था। जब यह मामला डीएफएससी अनिल के संज्ञान में आया तो उन्होंने तीन सदस्यों की एक टीम बनाई। टीम ने भी फोटो वीडियो की जांच के बजाए, खानापूर्ति के लिए गेहूं के स्टॉक के सैंपल लेकर उनकी नमी जांची और कहा कि पानी छिड़काव का उन्हें कोई सबूत नहीं मिला लेकिन फोटो और वीडियो की जांच नहीं की गई।
पहले ही उठा दिया था स्टॉक
बताया जा रहा है कि जब यह मामला डीएफएससी के संज्ञान में आया तो उन्होंने जब तक टीम का गठन किया और टीम मौके पर पहुंची तब तक वहां से दो से तीन ट्रकों में गेहूं लोड कर यूपी व दिल्ली के लिए रवाना कर दिए थे। वहीं टीम ने भी उन स्टॉक से सैंपल लिए, जहां पानी का छिड़काव ही नहीं हुआ था।