माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। उत्तर प्रदेश से करनाल की मंडियों में आने वाले गेहूं की खरीद में यदि किसी आढ़ती की मिलीभगत सामने आई तो उसका लाइसेंस रद्द होगा। मंडी सचिव पर भी कार्रवाई की जाएगी। इसे लेकर उपायुक्त डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने निर्देश जारी किए हैं।
जिले की मंडियों में यूपी का गेहूं आने का अमर उजाला ने मुद्दा उठाया था। किसान भी आरोप लगा रहे हैं। घरौंडा में यूपी नंबर की गाड़ियां भी पकड़ी जा चुकी हैं। इन सभी हालात पर संज्ञान लेते हुए उपायुक्त ने सख्ती की है। उपायुक्त जिला सचिवालय सभागार में सभी एसडीएम और गेहूं खरीद एजेंसियों के अधिकारियों के साथ बैठक कर रहे थे। उन्होंने कहा कि कई स्थानों से यूपी से जिले की मंडियों में गेहूं पहुंचने की शिकायतें मिल रही हैं। इसे हर हाल में रोकना होगा।
उन्होंने कहा कि गेहूं की बाहरी आवक में यदि किसी आढ़ती की मिलीभगत पाई जाए तो तुरंत उसका लाइसेंस रद्द किया जाए। ऐसे मामलों में यदि मंडी सचिवों की ढील सामने आई तो उन पर भी कार्रवाई की जाएगी। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त डॉ. राहुल रईया, डीएफएससी मुकेश कुमार, हैफेड, वेयर हाउस के जिला प्रबंधक, जिला की मार्केट कमेटियों के सचिवों ने भाग लिया। बैठक में संबंधित एसडीएम वीसी के माध्यम से जुड़े रहे।
असंध और घरौंडा में साइलों पर बढ़ेंगे मजदूर
उपायुक्त ने खरीद एजेंसियों को गेहूं के उठान कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। असंध और घरौंडा में साइलों पर मजदूरों की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए ताकि लोड होकर जाने वाले गेहूं को वहां वाहनों से तुरंत उतारा जा सके ताकि मंडियों से उठान का कार्य सुचारू रूप से हो सके। उपायुक्त ने निर्देश दिए कि सभी अधिकारी समन्वय के साथ कार्य करें, किसानों को किसी भी प्रकार की समस्या का सामना न करना पड़े।