माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। स्वच्छ सर्वेक्षण-2026 के प्रस्तावित सर्वे से पहले नगर निगम ने शहर में खस्ताहाल सार्वजनिक शौचालयों की मरम्मत कराने का फैसला लिया है। लंबे समय से बदहाल पड़े इन शौचालयों की स्थिति को लेकर स्थानीय लोगों की ओर से लगातार शिकायतें की जा रही थीं। निगम की इस योजना के पहले चरण में वार्ड-7, 8, 9 और 10 के सार्वजनिक शौचालयों की मरम्मत की जाएगी। इससे शहरवासियों को तो राहत मिलेगी ही साथ में स्वच्छता सर्वेक्षण में निगम की रैंकिंग भी सही होगी।
निगम अधिकारियों के अनुसार इन सार्वजनिक शौचालयों की मरम्मत पर करीब 16 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। मरम्मत कार्य के तहत टूटे फर्श, जर्जर दरवाजे, खराब सीटें, पानी की व्यवस्था, साफ-सफाई और रोशनी की व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा। साथ ही, महिलाओं और दिव्यांगजनों के लिए सुविधाओं को भी बेहतर बनाने पर ध्यान दिया जाएगा। इसके लिए निविदाएं आमंत्रित कर दी गई हैं। कई स्थानों पर शौचालयों में गंदगी, बदबू और पानी की कमी के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता था। इससे खुले में शौच जैसी समस्याएं भी सामने आ रही थीं, जो स्वच्छता अभियान के उद्देश्यों के विपरीत हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए निगम ने शौचालयों की मरम्मत कार्य करने के निर्देश दिए हैं।
निगम एक्सईएन प्रियंका सैनी का कहना है कि मरम्मत कार्य को तय समय सीमा में पूरा किया जाएगा और आगे से शौचालयों के नियमित रखरखाव की भी व्यवस्था की जाएगी। इससे स्वच्छ सर्वेक्षण में शहर बेहतर प्रदर्शन कर पाएगा।