कुरुक्षेत्र। सर्दी के मौसम में तापमान लगातार गिर रहा है तो शीतलहर और भी ठंड बढ़ा रही है। सात डिग्री तक तापमान जाने से जहां लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है तो बीमारियां भी बढ़ रही है। ऐसे में चिकित्सक बचाव को लेकर एडवाइजरी भी जारी कर चुके हैं। बुधवार को न्यूनतम सात डिग्री तो अधिकतम 24 डिग्री सेल्सियस तक रहा। वहीं चार किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से शीतलहर भी चलती रही। इसी बीच बढ़ती ठंड को देख किसानों के चेहरे खिल रहे हैं।
किसानों के साथ-साथ कृषि विशेषज्ञों के अनुसार इस धुंध से फसलों को काफी फायदा मिलेगा। कृषि वैज्ञानिक डाॅ. सीबी सिंह के अनुसार हवा के रुकने के साथ धुंध (कोहरा) का प्रभाव दिखाई देगा। वहीं जगतार सिंह, राज कुमार, नसीब सिंह, मदन लाल, दर्शन सिंह, अवतार व मलखान इत्यादि किसानों का कहना है कि सर्दी के बढ़ने से गेहूं की फसल को काफी फायदा होगा। फुटाव अधिक होगा अच्छी पैदावार मिलने की उम्मीद होगी।
डॉ. सी बी सिंह का कहना है कि गेहूं के फुटाव में धुंध व बढ़ती ठंड काफी फायदेमंद साबित होती है लेकिन इस दौरान किसानों को फसल का अधिक ख्याल रखना चाहिए। पानी भी तय मात्रा में ही दिया जाना चाहिए। बढ़ी ठंड व धुंध से पानी कम फसल में किसानों को देना होगा व उनकी लागत कम लगेगी, वहीं कीटनाशकों का कम प्रयोग होगा।
दोपहर को धूप से मिल रही राहत
भले ही रात के साथ-साथ सुबह व शाम को तेज ठंडक अपना एहसास करवा रही है और लोग कांपने लगे हैं लेकिन दिन में भी ठंड रहने लगी है। इसी बीच धूप खिलने से इससे कुछ राहत मिल रही है। लोगों के साथ-साथ पशु-पक्षी भी धूप के चलते ठंड से राहत पा रहे हैं।