करनाल। सेक्टर-8 के श्रीराम मंदिर में श्रीमद्भागवत कथा के अंतिम सत्र में सुदामा प्रसंग का वर्णन किया गया। शशांक भारद्वाज महाराज ने बताया कि श्रीकृष्ण सुदामा से जब पोटली छीनकर चावल खाने लगे तो एक-एक कर सुदामा के भाग जागने लगे। पहला चावल खाते ही भगवान ने स्वर्ग लोक सुदामा को दे दिया, दूसरी बार खाने पर दो लोकों की संपत्ति सुदामा को साैंपी, तीसरी बार खाने से पहले ही रुक्मणी ने भगवान को रोक दिया। रुक्मणी ने रोकते हुए कहा कि तीसरी बार भी खाया तो हम कहां पर रहेंगे।
इस पर भगवान ने बोला कि लक्ष्मी को भी मांग कर खाना पड़े या कुबेर के खजाने खाली हो जाए तो भी फर्क नहीं पड़ेगा। इस दौरान श्रद्धालु भावविभोर हो गए। अंत में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का उत्सव मनाया गया और सुंदर झांकियों ने मन मोह लिया। इस मौके पर अनिल ग्रोवर, पूनम ग्रोवर, रविंद्र गुप्ता और जगन बतरा सहित अन्य लोग मौजूद रहे।