नर्सिंग वेलफेयर एसोसिएशन हरियाणा के आह्वान पर प्रदेशभर की स्टाफ नर्सों ने सीएम सिटी में प्रदर्शन किया। सेक्टर-12 में फव्वारा पार्क के समीप एकत्रित होकर पहले तो स्टाफ नर्सों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और फिर उन्होंने सीएम कैंप का घेराव करने के लिए कूच किया।
सीएम कैंप से कुछ दूरी पर पुलिस ने बेरिगेट्स लगाकर उन्हें रोक लिया, लेकिन स्टाफ नर्स नहीं रुकी और वह दूसरे रास्ते से कुंजपुरा रोड पर जाम लगा दिया। सूचना मिलते ही डीएसपी वीरेंद्र सैनी सहित अन्य पुलिस फोर्स मौके पर पहुंचे। उन्होंने स्टाफ नर्सों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं मानी। जाम के बाद तहसीलदार राजबक्श ने उन्हें 12 अगस्त को सीएम से मिलने का समय दिया। इस पर स्टाफ नर्स लिखित में सीएम से मिलने के समय की मांग करती रही और धूप में बैठी सरकार के खिलाफ नारेबाजी करती रहीं। करीब दो घंटे बीतने के बाद एसडीएम करनाल नरेंद्र पाल मलिक मौके पर पहुंचे और उन्होंने सोमवार को सुबह साढ़े 11 बजे चंडीगढ़ में सीएम से मिलने का आश्वासन दिया गया। इसके बाद स्टाफ नर्सों ने जाम खोला और वह अपने घर चली गई।
नहीं बनाई नई सैलरी स्लैब, नये और पुराने कर्मचारियों की है एक ही सैलरी
एसोसिएशन की प्रदेश अध्यक्ष सुनीता, उप अध्यक्ष संतोष मलिक, महासचिव विनिता कुमारी, सह सचिव सुदेश चौधरी, कैशियर राजबाला, संयुक्त सचिव सुदेश आदि ने बताया कि नर्सिंग स्टाफ हरियाणा को छठा पे कमीशन की वेतन विसंगतियां थी जोकि सरकार ने सातवें पे कमीशन में न देकर 2 जनवरी, 2019 से पे स्केल लागू कर दिया। जिसके कारण सिर्फ एक हजार नर्सिंग स्टाफ को ही फायदा हुआ। अब पुरानी और नई स्टाफ नर्स की एक ही सैलरी है। उनकी मांग है कि पुरानी स्टाफ नर्स की सैलरी स्लैब को रिवाइज किया जाएग। इसके साथ ही पदनाम केंद्र की तर्ज पर स्टाफ नर्सों को नर्सिंग ऑफिसर रखा जाए। केंद्र व राज्य सरकार दिल्ली की तर्ज पर 7200 रुपये नर्सिंग अलाउंस दिया जाए। प्रिंसिपल और मेट्रन को राजपत्रित घोषित किया जाए। एसीपी पर एडिशन नर्सिंग सिस्टर का पद दिया जाए।
यूं चला प्रदर्शन का दौर
दोपहर करीब 12 बजे प्रदेशभर की स्टाफ नर्स सेक्टर-12 लघु सचिवालय के समीप एकत्रित हुईं। इसके बाद वे हाथों में बैनर लेकर सड़क पर उतर गई और प्रदर्शन करते हुए सीएम कैंप की ओर बढ़ गई। वहीं, दूसरी और सीएम कैंप से कुछ दूरी पर बेरिगेट्स लगाकर बारी पुलिस बल तैनात था। इसके साथ ही वाटर कैनन, फायर ब्रिगेड की एक गाड़ी व एंबुलेंस भी मौके पर मौजूद थी। स्टाफ नर्सों ने पहले तो जमकर नारेबाजी की और फिर उन्होंने कुंजपुरा रोड पर जाम लगा दिया था।
सुबह दस बजे सीएम ने बुलाया था स्टाफ नर्सों को
सुबह करनाल में सीएम मनोहर लाल थे। जब उन्हें पता चला की आज स्टाफ नर्सों का प्रदर्शन है तो उन्होंने सुबह करीब दस बजे उन्हें बुलाने के लिए कहा था। लेकिन स्टाफ नर्स मौके पर नहीं पहुंच सकीं।