करनाल। सीवर ओवरफ्लो होने और पाइपलाइन टूटने के बाद बदलवाने के लिए अब 10 से 15 दिनों का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। शिकायत करते ही नगर निगम की टीम मौके पर पहुंचेगी और टूटी सीवरेज पाइपलाइन को बदला जाएगा। इसके लिए नगर निगम ने विशेष योजना बनाई है।
बजट के साथ-साथ काम करने के लिए विशेष एजेंसी को नियुक्त किया जा रहा है। नगर निगम की योजना के अनुसार, शहर के 17 वार्डों में इस नई योजना के तहत सीवरेज लाइन की मरम्मत और टूटी लाइन को बदलकर नई लाइन बिछाने का कार्य किया जाएगा। इसमें वार्ड नंबर एक से सात और 11 से 20 तक को शामिल किया गया है। इन वार्डों में 89 से ज्यादा कॉलोनियां हैं। लाइन बदलने या मरम्मत का कार्य केवल नगर निगम क्षेत्र में होगा। एचएसवीपी के सेक्टरों में यह टीम मरम्मत कार्य नहीं करेगी। सेक्टरों में यह कार्य एचएसवीपी यानी हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण की व्यवस्था के अनुसार ही होगा। क्योंकि सेक्टरों की पेयजल और सीवरेज व्यवस्था अभी निगम के पास नहीं है। नगर निगम में सीवरेज ओवरफ्लो, लीकेज, पाइपलाइन टूटने आदि से संबंधित रोजाना 20 से 30 शिकायतें आ रही हैं।
ज्यादा बड़ी लाइन टूटने के बाद इनकी मरम्मत के लिए नगर निगम की ओर से निविदा प्रक्रिया को पूरा करने में कई दिनों का समय लग जाता है। ऐसे में तब तक लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है। इसलिए अब निगम ने इस कार्य के लिए अलग से निजी एजेंसी को काम देने की योजना बनाई है। वार्ड-8, 9 और 10 का ज्यादातर हिस्सा एचएसवीपी के सेक्टरों का है, इसलिए इन वार्डों को इसमें शामिल नहीं किया गया है।