शहर और आसपास के क्षेत्रों में सोमवार को पूरा दिन बादल व बूंदाबांदी रही। वहीं शाम को झमाझम बरसात से जनजीवन प्रभावित हुआ है। क्षेत्र में कई स्थानों पर बारिश के साथ ही ओलावृष्टि ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी। बारिश और ओलावृष्टि से ठंड का असर एक बार फिर बढ़ गया है। करनाल में अधिकतम तापमान 19.4 और न्यूनतम तापमान 6.8 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। जिले के असंध और तरावड़ी क्षेत्र में बारिश के साथ ओलावृष्टि भी हुई है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार अभी दो दिन मौसम का मिजाज बिगड़ा ही रहेगा। कंपकंपा देने वाली ठंड व शीतलहर के साथ सोमवार को पूरा दिन रुक-रुक कर बूंदाबांदी होती रही। वहीं शाम को झमाझम बरसात हुई, जिले के असंध व तरावड़ी क्षेत्र में बरिश के साथ ओलावृष्टि भी हुई है, जिससे गेहूं की फसल और पशुचारे को क्षति पहुंची है। मंगलवार और बुधवार सुबह धुंध गहराने व दिन में हल्के बादल रहने की संभावना है। दो दिन सुबह धुंध गहराने से दृश्यता कम होगी। 16 व 17 जनवरी को बादल छाए रहेंगे और बूंदाबांदी हो सकती है।
असंध सहयोगी के अनुसार क्षेत्र में सोमवार को बारिश के साथ कहीं ज्यादा और कहीं कम ओलावृष्टि हुई है। दोपहर के समय बरसात के साथ ओलावृष्टि से फसलों को भी नुकसान पहुंचा है। गांव रत्तक में और उसके आसपास इलाके में बरसात के साथ जोरदार ओलावृष्टि हुई, गांव के किसान जत्थेदार अवतार सिंह, बिरशा सिंह, निर्मल सिंह व गुरवंत सिंह ने बताया कि उनके गांव में काफी ओलावृष्टि हुई है, जिसके कारण फसलों को नुकसान हुआ है।
ओलावृष्टि से प्रभावित फसलों की हो गिरदावरी
जुंडला। प्रदेश में कई हिस्सों में हुई ओलावृष्टि को लेकर इंडियन नेशनल लोकदल ने सरकार से तुरंत गिरदावरी करवाने की मांग की है। इनेलो किसान प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष फूल सिंह मंजूरा ने कहा कि सोमवार को हुई ओलावृष्टि से किसानों की रबी की फसल को क्षति हुई है। उन्होंने सरकार से फसलों की तुरंत गिरदावरी करवाने की मांग उठाई, जिससे किसानों को हुए नुकसान का मुआवजा मिल सके। इस मौके पर इनेलो युवा नेता बबलू जाणी भी मौजूद थे।
तरावड़ी। तरावड़ी में बहुत तेज बरसात के साथ ओले पड़े, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। दुकानदारों ने दुकानों के बाहर खुले में दुकानें लगाकर मूंगफली, गजक, रेवड़ी बेचने का सामान लगाया हुआ था। वह भी अस्त-व्यस्त हो गया। पशुओं के चारे के लिए जो फसल तैयार हुई थी वह भीगने से पशुओं को चारा मिलना भी मुश्किल हो गया है। इससे पहले सुबह से ही रुक-रुक कर शहर में बरसात होती रही और ओले पड़े। शाम को पांच बजे घनघोर घटा छा गई जैसे दिन में ही रात हो गयी। दुकानदारों ने इस बरसात को नुकसानदायक बताया है और लोहड़ी का त्योहार इस बरसात से फीका हो गया। शाम को बाजार बरसात की वजह से सुनसान हो गए।
गुप्ता कालोनी के लिए मुसीबतों का पहाड़ लेकर आई बरसात
सोमवार की बरसात शहर की गुप्ता कालोनी वासियों के लिये भारी मुसीबत लेकर आई। इस कॉलोनी में पिछले कई दिनों से सीवरेज डालने का काम चल रहा था। इस कारण यहां के बाशिंदे काफी परेशान थे। रास्तों पर खुदाई होने से मिट्टी पड़ी है। अब बरसात होने से मिट्टी दलदल बन गई। लोगों का अपने घरों में आना-जाना मुश्किल हो गया है। कालोनीवासियों ने नगरपालिका पर आरोप लगाया कि यदि समय रहते इस कालोनी में सड़कें बन जाती तो आज यह समस्या नहीं होती।