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Karnal News: गर्लफ्रेंड को प्रपोज करने की रंजिश में की थी प्रतीक की हत्या

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- कक्षा 12वीं के विद्यार्थी ने दो नाबालिग छात्रों के साथ मिलकर की वारदात, इंस्टाग्राम पर हुई थी दोस्ती
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संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। धोलगढ़ गांव के पास मंगलवार को दसवीं कक्षा के छात्र प्रतीक की हत्या दूसरे युवक की गर्लफ्रेंड को प्रपोज करने की रंजिश में की थी। पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी दलजीत को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी दलजीत कक्षा 12वीं का छात्र है। प्रतीक ने इंस्टाग्राम पर दलजीत की गर्लफ्रेंड से दोस्ती की थी। उसने उसे दो बार प्रपोज भी किया था। इसी रंजिश में दलजीत ने दो नाबालिग कक्षा 10वीं के छात्रों के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया। दोनों नाबालिगों को संरक्षण में लिया गया है। अदालत ने दलजीत को एक दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा है। पुलिस अब हत्या में प्रयुक्त डंडा और बाइक बरामद करेगी।
डीएसपी मुख्यालय संदीप कुमार ने बताया कि आरोपी दलजीत की करीब एक वर्ष पहले सदर थाना क्षेत्र के एक गांव की युवती से इंस्टाग्राम पर दोस्ती हुई थी। इसी बीच धोलगढ़ निवासी प्रतीक भी उस युवती के संपर्क में था और वह भी उससे दोस्ती करना चाहता था। करीब छह माह पहले प्रतीक ने युवती को प्रपोज किया था लेकिन लड़की ने उसे मना करते हुए दलजीत को इस बारे में जानकारी दे दी। तब दलजीत ने उचाना में प्रतीक के स्कूल के बाहर आकर उसे धमकाते हुए लड़की से दूर रहने की चेतावनी दी थी। इसके बाद प्रतीक पीछे हट गया और मामला कुछ समय तक शांत रहा।
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अब हत्या से तीन दिन पहले प्रतीक ने एक बार फिर युवती को प्रपोज किया। जानकारी मिलने पर दलजीत भड़क उठा। उसने दो नाबालिग साथियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। आरोपी बिना नंबर की बाइक पर सवार होकर जुंडला से धोलगढ़ पहुंचा और वारदात की। मामले में सदर थाना पुलिस ने मृतक के ताऊ नफे सिंह की शिकायत पर तीन अज्ञात के खिलाफ हत्या सहित अन्य धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की थी। अब पुलिस ने मामले में शामिल मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। तीनों आरोपी जुंडला के राजकीय विद्यालय में पढ़ते हैं जबकि प्रतीक उचाना गांव के निजी स्कूल में पढ़ता था।
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स्कूल के पास प्रतीक के आने का इंतजार कर रहे थे आरोपी
पुलिस जांच के अनुसार, मुख्य आरोपी ने हत्या की योजना बना ली थी। आरोपी कई घंटे पहले आकर बाइक पर इधर-उधर घूम रहे थे। आरोपियों ने काफी देर तक स्कूल के नजदीक खड़े होकर प्रतीक के स्कूल से निकलने का इंतजार किया। हालांकि प्रतीक उस दिन स्कूल नहीं गया था। काफी इंतजार के बाद भी प्रतीक दिखाई नहीं दिया तो आरोपी वहां से अपने घर जाने वाले थे कि तभी बाइक पर सवार प्रतीक उचाना गांव से प्रसाद लेकर अपने गांव की ओर जाता दिखाई दिया। उन्होंने तुरंत बाइक पीछे दाैड़ाई। धोलगढ़ से आधा किलोमीटर पहले सुनसान जगह देखकर चलती बाइक पर ही पीछे से प्रतीक के सिर में डंडा मारा, इससे वह नीचे गिर गया। इसके बाद लगातार वार करते रहे। इसी दाैरान वहां गांव के ही धर्मपाल पहुंचे तो आरोपी भाग गए। इसके बाद तीनों जुंडला अपने-अपने घर चले गए।
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परिवार ने पहले उचाना के युवकों पर जताया था शक
शुरुआत में मृतक के परिजनों ने उचाना के कुछ युवकों पर शक जताया था लेकिन पुलिस की जांच में मामला पूरी तरह अलग निकला। जांच से स्पष्ट हुआ कि हत्या का कारण युवती से दोस्ती ही है लेकिन परिजनों ने जिन लड़कों का नाम पुलिस को दिया था। उनका इस मामले से संबंध नहीं पाया गया है। पुलिस ने सीसीटीवी और तकनीकी जांच के आधार पर 72 घंटे के भीतर आरोपियों की पहचान करके गिरफ्तार कर लिया।
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