फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Karnal News: बिजली लाइनें होंगी भूमिगत, मिलेगी राहत

Sat, 26 Oct 2024 04:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
विज्ञापन
विज्ञापन
सुखदेव चौहान
विज्ञापन

करनाल। शहर के दो सब स्टेशनों के सात फीडरों की बिजली लाइनों को भूमिगत करने का कार्य शुरू हो गया है। 32 करोड़ रुपए की लागत से होने वाला यह कार्य प्रथम चरण में आंबेडकर चौक से घंटाघर चौक तक होगा। इस पूरे प्रोजेक्ट में खुले ट्रांसफार्मर की जगह 19 कॉम्पैक्ट सबस्टेशन (सीएसएस) लगाए जाएंगे।

यह कार्य दिल्ली की गो पावर कंपनी को दिया गया है। कंपनी की ओर से सीएसएस रखने के लिए इमारत के बंद (प्लिंथ) तैयार किए जा रहे है। इसके बाद करीब 14 किलोमीटर के क्षेत्र में 11 केवी की एक्सएलपीई केबल (क्रॉस-लिंक्ड पॉलीइथिलीन) की लाइन बदली जाएगी। तार सीएसएस से निकलेगी जो आगे शहर में एलटी के माध्यम से सप्लाई देंगी।
विज्ञापन


वहीं करीब 21 किलोमीटर के क्षेत्र में एलटी तारे लगेंगी, जिनके माध्यम से उपभोक्ताओं को बिजली निर्बाध व पूरी वोल्टेज दी जाएगी। शहर में यह कार्य तीन मुख्य सड़कों पर किया जाएगा, जहां पर तारों का जंजाल सबसे ज्यादा है। इन सड़कों पर वाहनों की आवाजाही भी सबसे ज्यादा है। इन तीन सड़कों में आंबेडकर चौक से घंटा घर चौक, कुंजपुरा रोड पुरानी सब्जी मंडी चौक से जिला नागरिक अस्पताल चौक तक, मीरा घाटी चौक से मेरठ चौक तक बिजली लाइनों को भूमिगत किया जाएगा।

इस प्रोजेक्ट पर वर्तमान में लगने वाली राशि का संक्षिप्त ब्योरा फुट सर्वे करने के उपरांत पंचकूला भेजा गया है। मुख्यालय से स्वीकृति मिलते ही भूमिगत लाइनो को बिछाने का कार्य शुरू हो जाएगा। अभी शहर में सीएसएस लगाने के लिए प्लिंथ तैयार किए जा रहे है। अब की बार बिजली निगम की ओर से इस कार्य को मार्च 2025 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

बाजार की मुख्य सड़कों पर खुली बिजली लाइन हटने से दुकानदारों व राहगीरों को तारों के जंजाल से निजात मिलेगी। वहीं दुर्घटना की संभावना भी कम रहेगी। तारों के भूमिगत होने से आंधी व बरसात के मौसम में लाइन में खराबी आने की समस्या भी नहीं रहेगी। इस सुविधा से उपभोक्ताओं को बिजली के अघोषित कटों से राहत भी मिलेगी खुली लाइन में ज्यादा फाल्ट आते हैं।

एक फीडर के बंद होने पर दूसरे से होगी आपूर्ति ः इस प्रोजेक्ट के तहत दो फीडरों से बिजली सप्लाई का ऑप्शन रहेगा। इसके लिए रिंगमेंन लगाए जाएंगे अगर कभी किसी फीडर से बिजली सप्लाई में कोई बाधा आती है तो दूसरा फीडर से सप्लाई चालू की जा सकेगी। इससे उपभोक्ताओं को बिजली की खराबी की समस्या नहीं झेलनी पड़ेगी। संवाद
विज्ञापन


बिजली निगम की ओर से इस बार शहर की उन मुख्य तीन सड़कों की लाइनों को भूमिगत करने का निर्णय लिया गया है, जिन सड़कों पर लोगों व वाहनों की आवाजाही ज्यादा है। प्रथम चरण में आंबेडकर चौक से घंटाघर चौक तक सीएसएस रखने के लिए प्लिंथ बनाने का कार्य लगभग पूरा हो चुका है। पंचकूला से फुट सर्वे रिपोर्ट आने पर तार भूमिगत करने का कार्य भी शुरू कर दिया जाएगा।

- कुलदीप सिंह, एसडीओ, उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें