पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के जस्टिस फतेह दीप सिंह ने कहा कि देश
की न्यायिक व्यवस्था का समाज के विकास में अहम योगदान है। इसमें अधिवक्ताओं
व ज्यूडिशयरी की भागीदारी जरूरी है।
बार और बैंच के बीच भी तालमेल
सकारात्मक होना चाहिए ताकि समाज को सही और सुलभ न्याय मिल सके। जस्टिस
सिंह जिला न्यायिक परिसर में स्थित बार रूम में आयोजित एक कार्यक्रम में
वकीलों को संबोधित कर रहे थे। इससे पहले उन्होंने इसी परिसर में नवनिर्मित
लाइब्रेरी का उद्घाटन किया।
जस्टिस सिंह ने कहा कि वकीलों पर समाज के
लोग काफी विश्वास करते हैं। वकीलों को अपने केसों को अंजाम तक पहुंचाने के
लिए काफी मेहनत करनी पड़ती है, तभी वकील के पेशे को लोगों द्वारा सम्मान
दिया जाता है। लगातार बढ़ते केसों में न्यायिक तंत्र भी काफी व्यस्त है।
गरीब लोगों को भी सस्ता व सुलभ न्याय मिले इसके लिए भी राष्ट्रीय स्तर से
नीचे तक कोशिश की जा रही है। इसके लिए विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा पैनल के
वकील तैयार करके आम जनता को कानून के बारे में जागरूक किया जा रहा है।
समय-समय पर ग्रामीण क्षेत्रों में लोक अदालत आयोजित करके केसों का समाधान
आपसी रजामंदी से करवाया जा रहा है। इसके बेहतर परिणाम सामने आए हैं।
इस
कार्य में अधिवक्ताओं का अहम योगदान है। विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा हर
जरूरतमंद व्यक्ति को न्याय दिलाने के लिए हर संभव सहयोग दिया जा रहा है।
उन्होंने बार एसोसिएशन के प्रधान चांदवीर सिंह मढ़ान द्वारा वकीलों के लिए
मांगी गई, चैंबरों की संख्या बढ़ाने की मांग पर आश्वासन दिलाया कि उनकी
मांग पर शीघ्र ही विचार किया जाएगा। एडवोकेट सोहन लाल छाबड़ा ने वकीलों की
समस्या को अवगत करवाते हुए कहा कि करनाल कोर्ट में चैंबर कम है और वकीलों
की संख्या ज्यादा है। यदि चैंबरों की एक मंजिल और बढ़ जाए तो बहुत से
वकीलों को चैंबर की सुविधा मिल सकेगी।
इस अवसर पर जिला एवं सत्र
न्यायाधीश मनजीत सिंह, सीजेएम अमित गर्ग, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की
सचिव रेनू राणा व एसोसिएशन के पदाधिकारी गुरप्रीत सिंह गरेटा, विशाल टूरन,
राम कुमार कश्यप सहित अधिवक्ता उपस्थित रहे।