अंबाला सिटी। नारायणगढ़ में दहशत फैलाने का प्रयास करने का आरोपी अपराधी वेंकट गर्ग का पुलिस इंतजार कर रही है। संभवत: अंबाला पुलिस को ही सुरक्षा एजेंसियां जॉर्जिया से लाने के बाद वेंकट को सुपुर्द करेंगी, क्योंकि सबसे अधिक केस उसके अंबाला के नारायणगढ़ थाने में दर्ज हैं। खास बात है कि वेंकट से पूछताछ के दौरान पुलिस का विशेष ध्यान उसके नेटवर्क पर रहेगा। पुलिस पता लगाएगी कि वेंकट इतने कम समय में किसकी मदद से सक्रिय गैंग खड़ा कर लिया। उसे हथियार कहां से मिले, कहां से गैंग को चलाने के लिए फंडिंग की उपलब्धता हुई। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर बिना मददगारों के गैंग चलाना नामुमकिन है, ऐसे में जिसने भी गोपनीय रहते हुए स्थानीय स्तर पर वेंकट की मदद की है उनके नाम भी पुलिस वेंकट से उगलवाएगी। इसके साथ ही पंजाब से वेंकट का कनेक्शन भी निकल कर आ रहा है, उसका भी पुलिस पता करेगी कि पंजाब के किन पेशेवर अपराधियों के संपर्क में था। फिलहाल अभी वेंकट को भारत लाने की प्रक्रिया चल रहा है, इसके बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि कब तक अंबाला पुलिस को वेंकट की सुपुर्दगी मिलेगी।
नारायणगढ़ में पांच केस
वेंकट पर अंबाला के नारायणगढ़ में करीब पांच मामले दर्ज हैं। जिसमें सबसे अधिक बसपा प्रदेश सचिव हरबिलास हत्याकांड का मामला है। जिसमें वह मुख्य आरोपी है। इसके अलावा विदेश से जबरन वसूली व फायरिंग कराने के मामले भी हैं। नारायणगढ़ के गोकुल स्वीट्स पर फायरिंग में वेंकट का नाम सामने आया था। इसके साथ ही सब्जी मंडी में आढ़ती पर वसूली के लिए फायरिंग, नारायणगढ़ में खड़ी कार पर गोली चलाने का मामला व अन्य कारोबारियों को धमकाने के मामले दर्ज हैं। इसके अलावा सढ़ोरा, कुरुक्षेत्र में भी वेंकट पर मामले हैं।
वेंकट पर अंबाला में पांच से अधिक केस हैं, ऐसे में हमारी पूछताछ का केंद्र यह केस ही रहेंगे। इसके साथ ही अपराधी का नेटवर्क, उसके मददगार और हथियारों की सप्लाई करने वालों का भी पता लगाया जाएगा। स्थानीय स्तर पर उसकी मदद करने वालों को भी छोड़ा नहीं जाएगा।
-अजीत सिंह शेखावत, एसपी