- डीएवी पीजी कॉलेज के दीक्षांत समारोह में 150 विद्यार्थियों को उपाधि, उपलब्धि पर 70 छात्रों को मिला विशेष सम्मान
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। मुख्यमंत्री के उप प्रधान सचिव डॉ. यशपाल यादव ने कहा कि मनुष्य की प्रतिभा और खूबियां उसे सफलता के शिखर तक ले जाती हैं। आत्मविश्वास की शक्ति व्यक्ति को बल देती है। शिक्षा से ही व्यक्ति का भविष्य संवरता है पर लक्ष्य हासिल करने के लिए दृढ़ निश्चय होना चाहिए।
डीएवी पीजी कॉलेज के स्वर्ण जयंती वर्ष पर दीक्षांत समारोह व वार्षिक पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया गया। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में मुख्यमंत्री के उप प्रधान सचिव ने शिरकत की। कार्यक्रम में शैक्षणिक, सांस्कृतिक, खेल, एनएसएस, एनसीसी व अन्य उपलब्धियों पर 70 विद्यार्थियों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। वहीं 150 से अधिक विद्यार्थियों को उपाधि से अलंकृत किया गया। इनमें 100 विद्यार्थी स्नातक और 50 को स्नातकोत्तर की डिग्री प्रदान की गई।
मुख्य अतिथि डॉ. यशपाल यादव ने कहा कि विद्यार्थी देश के निर्माता हैं, जो निर्माण की प्रक्रिया को देश के लिए आगे बढ़ाने का काम करेंगे, देश को आगे ले जाने के लिए विद्यार्थियों के नेतृत्व की आवश्यकता है। क्योंकि उनकी भूमिका राष्ट्र निर्माण की है। विद्यार्थियों को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हुए कई उदाहरण देते हुए कहा कि अध्ययन के लिए अनुशासनात्मक माहौल की आवश्यकता होती है। जीवन में तभी कुछ हासिल हो सकता है, जब उसके लिए हमारा समर्पण भाव हो। इस अवसर पर राजकीय महिला कॉलेज दादूपुर की प्राचार्य डॉ. अनीता, महिला कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सुभाष शर्मा, डॉ. दीपक शर्मा, राजकीय स्कूल नरुखेड़ी के प्रधानाचार्य सुरेश सैनी मौजूद रहे।
महिला कर्मचारियों को किया सम्मानित
महिला दिवस को ध्यान में रखते हुए कॉलेज की गैर शैक्षणिक महिला कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। प्राचार्य डॉ. रामपाल सैनी ने कॉलेज की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि भविष्य में जिम्मेदार बनने के लिए शिक्षा जरूरी साधन है, जो समाज में पहचान दिलाती है। कार्यक्रम की अध्यक्षता कॉलेज प्रबंधन समिति के उपाध्यक्ष रमेश वर्मा ने की। वहीं इससे पहले मुख्य अतिथि का प्राचार्य, संयोजक संजय शर्मा, सह संयोजक डॉ. पूनम वर्मा, डॉ. प्रतिभा ने स्वागत किया। मंच संचालन दीपिका कथूरिया ने किया।