करनाल। स्वास्थ्य सेवाओं के लिहाज से क्षेत्र में वर्ष 2023 कुछ खास नहीं रहा। इस वर्ष जिले को छह बड़ी परियोजनाएं सिरे चढ़नी थी और एक का शुभारंभ भी होना था लेकिन विभिन्न कारणों से कोई परियोजना पूरी नहीं हो पाई।
हालांकि इस वर्ष दिसंबर में कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कॉलेज के फेस-टू का टेंडर जरूर लग गया है। इस ब्लॉक को अब एक नहीं बल्कि चार चरणों में चार अलग-अलग कंपनियों से पूरा करवाया जाएगा। वहीं अबकी बार डेंगू ग्रस्त और इससे मरने वाले लोगों की संख्या में पिछले पांच साल की अपेक्षाकृत काफी बढ़ोतरी हुई है। संवाद
नागरिक अस्पताल का निर्माण भी लटका
सेक्टर-32 में करीब साढ़े नौ एकड़ में नागरिक अस्पताल के नए भवन का निर्माण कार्य शुरू होना था। जिसके लिए स्थानीय अधिकारियों ने कई बैठकें कर भवन का नक्शा तैयार करवाया और उसे फाइनल कर मुख्यालय भी भेजा लेकिन साल बीतने को है और अभी तक मुख्यालय ने इस नक्शे को हरी झंडी नहीं दी है। जिस वजह से नागरिक अस्पताल का निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया।
मूनक
खंड में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण 50 प्रतिशत पूरा है लेकिन इसकी ड्राइंग में तब्दीली की वजह से लागत 3.7 करोड़ से बढ़कर 8.56 करोड रुपए हो गई है। जिस पर विचार चल रहा है। यह प्रोजेक्ट फरवरी 2021 में निर्माण शुरू हुआ था।
- इंद्री के रंबा गांव में सब हेल्थ सेंटर को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में अपग्रेड करना था। जिसका 70 प्रतिशत तक काम पूरा हो चुका है। जिसके बाद एजेंसी के साथ विभाग का कुछ विवाद हो गया और तब से यह कार्य अटका पड़ा है। इसका वर्ष 2020 में निर्माण शुरू हुआ था।
- असंध के गुल्लरपुर गांव में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण 80 प्रतिशत पूरा है। यहां कुछ काम और प्रस्तावित किया गया थे। जिसे निर्माण एजेंसी ने करने से इनकार कर दिया। जिसके वजह से यह कार्य अटका हुआ है। इसका सितंबर 2019 से काम शुरू हुआ था।
- नीलोखेड़ी खंड के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को 17.83 करोड रुपये की लागत से नागरिक अस्पताल में तब्दील करने का 80 प्रतिशत काम पूरा चुका है। यहां भी कुछ काम और प्रस्तावित किया गया है। जिसे निर्माण एजेंसी करना नहीं चाहती। इस वजह से यह कार्य भी अटका हुआ है। इसका अक्तूबर 2021 में काम शुरू हुआ था।
- समानाबाहु गांव के सब हेल्थ सेंटर को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में तब्दील करने का काम 70 प्रतिशत पूरा है लेकिन निर्माण एजेंसी के साथ विवाद के चलते आगे काम रुका हुआ है। इसका अक्तूबर 2019 में काम शुरू हुआ था और इसे जून 2023 तक पूरा करना था।
- तरावड़ी में 15.87 करोड़ से 50 बेड के अस्पताल का निर्माण कार्य 60 प्रतिशत तक पूरा हो चुका है मगर सीवरेज और पेयजल लाइन शिफ्टिंग न होने और बूस्टिंग स्टेशन इमारत के बीच में आने से निर्माण अटका हुआ है। इसका सितंबर 2019 से काम शुरू हुआ था जिसे किस वर्ष जून तक पूरा होना था।
- असंध के पाढ़ा गांव के सब हेल्थ सेंटर को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में तब्दील किया जाना था लेकिन अब इस सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बनने पर विचार किया जा रहा है जिसकी लागत 16.45 करोड रुपये हो सकती है इसकी अनुमति का इंतजार है अक्टूबर 2019 में काम शुरू हुआ था।