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पांच घंटे तक गरजीं छात्राएं, सीएम से आज होगी मुलाकात

Thu, 02 Jul 2015 01:13 AM IST
करनाल/अमर उजाला ब्यूरो
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करनाल। प्रदेशभर की सैकड़ों नर्सिंग छात्राओं ने परिणाम घोषित करने की मांग को लेकर बुधवार को करनाल में हुंकार भरी। सुबह दस बजे से तीन बजे तक किए विरोध प्रदर्शन के बाद छात्राओं को मुख्यमंत्री मनोहरलाल खट्टर से चंडीगढ़ में मिलने का टाइम मिला।
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वीरवार को पंद्रह सदस्यीय कमेटी मुख्यमंत्री के सामने अपना पक्ष रखेगी। छात्राओं ने चेतावनी दी है कि यदि मुख्यमंत्री से संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो प्रदेश में बड़े स्तर पर आंदोलन का डंका बजा दिया जाएगा। करनाल के कर्ण पार्क में स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया के बैनर तले सैकड़ों छात्राएं एकत्रित हुई और करनाल के माल रोड स्थित मुख्यमंत्री के कार्यालय तक विरोध प्रदर्शन करते हुए जाने का फैसला लिया।

मुख्यमंत्री कार्यालय से पहले अंबेडकर चौक के नजदीक पुलिस ने बेरिकेट्स लगाकर सैकड़ों छात्राओं का रास्ता रोका और उन्हें वहीं पर रोक लिया। सीटीएम सतीश कुमार ने छात्राओं को मुख्यमंत्री से मिलने का टाइम दिया और छात्राएं लौट गई। इस दौरान पुलिस फोर्स तैनात रही। छात्राओं ने भी मुख्यमंत्री से लेकर स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज को खूब कोसा।
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विरोध जता रही स्वाति, रितु, राखी, राधिका, बिनी, सुषमा सहित फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष शाहनवाज, सुमित दलाल, सुधीर, सतीश सहित अन्य ने बताया कि पिछले कई महीनों से छात्राएं अपने परीक्षाओं के नतीजे घोषित करवाने को लेकर आंदोलनरत हैं। आज प्रदेशभर की एएनएम, जीएनएम की छात्राएं सड़कों पर हैं।

नवंबर-दिसंबर 2014 में हुई परीक्षाओं को मनमाने ढंग से रद्द कर दिया गया है। भिवानी, कैथल, करनाल, हिसार, फतेहाबाद, रोहतक, अंबाला इत्यादि जगहों से स्थानीय उपायुक्त, विधायकों व मंत्रियों के माध्यम से मुख्यमंत्री खट्टर को अनेकों बार ज्ञापन भेजे जा चुके हैं, लेकिन सरकार छात्राओं की बात को सुन नहीं रही है।

 इससे छात्राओं में आक्रोश है और मजबूरी में सड़कों पर उतरना पड़ा। उन्होंने कहा कि अभिभावक लाखों रुपये फीस देकर अपने बच्चों को पढ़ा रहे हैं। ऐसा करके छात्राओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। सरकार द्वारा परीक्षा रद करके दोबारा से परीक्षा देने का ऐलान बिल्कुल गलत है। सरकार के इस फैसले का विरोध जारी रहेगा और छात्राएं दोबारा परीक्षा किसी भी शर्त पर नहीं देंगी।

छात्राओं को करनाल में भी बुधवार को अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति हरियाणा, सर्व कर्मचारी संघ, पात्र अध्यापक संघ सहित कई संगठनों का समर्थन मिला है। विरोध प्रदर्शन के दौरान सीटीएम सतीश कुमार, डीएसपी राजकुमार कौशिक सहित भारी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा।

ये हैं छात्राओं की मांगें
छात्राओं का कहना है कि अक्टूबर 2014 में एएनएम, जीएनएम की ली गई परीक्षाओं के बिना देरी नतीजे घोषित किए जाए। इस पूरे घटनाक्रम और नतीजे में देरी के दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। एएनएम, जीएनएम की परीक्षा नियंत्रक संस्था स्थाई हो और उसकी मान्यता हो, उसमें बार-बार बदलाव न किए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी गलती न हो। छात्राओं पर बल प्रयोग करने वाले पुरुष कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई हो। फर्जीवाड़ा करने वाले कॉलेजों की उच्च स्तरीय कमेटी द्वारा जांच हो, जिसमें नर्सिंग से जुड़े सीनियर कर्मचारियों को भी शामिल किया जाए।

आज दो बजे चंडीगढ़ आवास पर मिलेंगी छात्राएं
प्रदेश में नर्सिंग कालेज करीब 42 हैं और इनमें 10 से 12 हजार छात्राएं हैं। परिणाम न आने के कारण अब इन्हें दूसरे साल का खतरा लगने लगा है। परिणाम आने के बाद ही दूसरे साल की परीक्षा दे पाएंगे। इसके अलावा वीरवार को दो बजे चंडीगढ़ में मुख्यमंत्री से मिलने जाएंगे। छात्राओं ने पंद्रह सदस्यीय कमेटी बनाई है, जो चंडीगढ़ जाएगी।
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