माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। चर्चित पूजा हत्याकांड में लिव इन पार्टनर यूपी के बागपत निवासी प्रदीप को फास्ट ट्रैक अदालत ने दोषी करार दिया है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश नेहा नोहरिया की अदालत ने सवा साल तक सुनवाई के बाद मंगलवार को प्रदीप को उम्रकैद की सजा सुनाई और 30 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना अदा नहीं करने पर उसे दो साल की अतिरिक्त कठोर कैद काटनी होगी।
दोषी प्रदीप ने पूजा के पति के पास जाने की जिद के बाद चुन्नी से गला घोटकर हत्या कर दी थी। उसका शव 12 जून 2025 को रामचंद्र अस्पताल के पास मिला था। उसके पति राजबीर की शिकायत पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने प्रदीप के खिलाफ हत्या की धाराओं में केस दर्ज किया था।
जिला उप न्यायवादी दीपक चौधरी के अनुसार, कंबोपुरा की रहने वाली पूजा की शादी उत्तर प्रदेश के बागपत के बुढ़ेड़ा गांव निवासी राजबीर से 2006 में हुई थी। दोनों के तीन बेटे हैं। राजबीर का आरोप था कि 7 मई 2023 को गांव का रहने वाला प्रदीप पूजा को अपने साथ ले गया था। इसके बाद प्रदीप फोन कर राजबीर को धमकी देता था कि यदि उसने पुलिस में शिकायत दी तो पूजा को जान से मार देगा।
12 जून 2025 को उन्हें सूचना मिली कि पूजा की मौत हो गई है। अगले दिन वह अपने साले और अन्य परिजनों के साथ अस्पताल पहुंचे। वहां पूजा का शव देखने के बाद उसने पुलिस को शिकायत दी और प्रदीप पर हत्या का आरोप लगाया था।
किराये के कमरे से बरामद की थी चुन्नी
आरोपी प्रदीप को 13 जून 2025 को करनाल की दीवान चंद कॉलोनी से सिविल लाइन थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ के दौरान उसकी निशानदेही पर किराये के कमरे से वह चुन्नी बरामद की गई, जिसका इस्तेमाल पूजा की गला घोंटकर हत्या करने में किया गया था। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर एफएसएल टीम को बुलाया और गवाहों के बयान दर्ज किए। पोस्टमार्टम रिपोर्ट समेत अन्य साक्ष्य भी जुटाए गए।