घरौंडा के गांव कुटेल में इंजीनियर की हत्या के बाद हुई तोड़फोड़ की स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने पूरी ताकत झोंक दी है।
बुधवार को भी मधुबन स्थित एचएपी से दो बटालियन गांव भेजी गई है। मृतक रविंद्र के शव को तलाशने के लिए प्रशासन ने आवर्धन नहर का जलस्तर कम करवा दिया गया है। प्रशासन का दावा है कि शीघ्र ही शव खोज लिया जाएगा और अब गांव में स्थिति पूरी तरह से कंट्रोल में है।
बुधवार को डीएसपी भारती मोर ने गांव में जाकर पूरे मामले का जायजा लिया और पुलिसकर्मियों को ड्यूटी में किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरतने के निर्देश दिए। कुटेल में 21 वर्षीय युवक रविंद्र की हत्या करके आवर्धन नहर में फेेंकने पर उपजे विवाद को कंट्रोल करने के लिए गांव को पुलिस छावनी में तबदील कर दिया गया है।
स्थिति पर निगरानी बनाए रखने के लिए उपपुलिस अधीक्षक के साथ पांच इंस्पेक्टरों को गांव में चप्पे चप्पे पर तैनात किया गया है। गांव के धार्मिक स्थलों पर विशेष तौर पर निगरानी रखते हुए एक टुकड़ी लगाई गई है। बुधवार को डीएसपी भारती मोर ने गांव में जाकर स्थिति का जायजा लिया और पुलिस कर्मचारियों निर्देश देते हुए कहा कि ड्यूटी में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
ढिलाई बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद गांव में अभी भी स्थिति तनावपूर्ण दिख रही है। गांव के लोग इस मामले में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है लेकिन इस मामले को प्रेम प्रसंग से जोड़कर देखा जा रहा है।
गांव के हर चौराहे पर टोलियों में लोग खड़े दिखाई दे रहे हैं और यह मामला गांव में चर्चा का विषय बना हुआ है। मंगलवार को ग्रामीणों को जैसे ही रविंद्र की हत्या कर शव को नहर में फेंकने की सूचना मिली थी तो गुस्सा फुट पड़ा और ग्रामीणों ने गांव में आरोपी पक्ष के लोगों के घरों में तोड़फोड़ शुरू कर दी। ग्रामीणों ने एक मोटरसाइकिल व एक घर को आग के हवाले कर गाड़ी को भी क्षतिग्रस्त किया था।
पुलिस को जैसे ही ग्रामीणों की ओर से तोड़फोड़ की सूचना मिली तो पूरा प्रशासनिक अमला गांव में पहुंच गया और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई किए जाने का ठोस आश्वासन दिया है।
शव तलाशने के लिए जुटा प्रशासन
इंजीनियर रविंद्र कुमार का शव हत्या के पांच दिन बाद भी प्रशासन बरामद नहीं कर पाया है। शव नहीं मिलने पर प्रशासन ढूंढने के लिए हर तरह की कोशिश कर रहा है। बुधवार को प्रशासन ने आवर्धन नहर का जलस्तर कम करवा दिया, वहीं, कुरुक्षेत्र से गोताखोरों को भी बुलाया गया है।
प्रशासन ने दावा जताया है कि शीघ्र ही शव को ढूंढ लिया जाएगा और दावा जताया कि गांव में स्थिति पूरी तरह से कंट्रोल में है।
शांति बनाए रखने के लिए कमेटी गठित
गांव के सरपंच कृष्ण कुमार ने बताया कि गांव में अब स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में है। ग्राम पंचायत की 16 सदस्यीय टीम गांव में घर-घर जाकर लोगाें से शांति बनाए रखने की अपील कर रही है।
प्रशासन ने गांव के चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात कर रखी है। पुलिस प्रशासन हर तरफ अपनी नजर बनाए हुए है। पुलिस ने जिन आरोपियों को हिरासत में लिया है, उन्होंने रविंद्र के मर्डर की बात कबूल कर ली है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है।
जल्द करेंगे मामले का खुलासा
डीएसपी भारती मोर ने बताया कि पुलिस ने दो आरोपियों को हिरासत में लिया था। इनमें एक युवक और उसका पिता शामिल है।
इन्होंने पूछताछ के दौरान बताया था कि उन्होंने रविंद्र की हत्या कर शव आवर्धन नहर में फेंक दिया था। मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा हुआ था। शव को ढूंढने के लिए आवर्धन नहर का जलस्तर कम करवा दिया गया है और कुरुक्षेत्र से गोताखोरों को बुलाया गया है।
जो किश्तियां लेकर शव की तलाश कर रहे हैं। गांव में विभिन्न चौराहों पर इंस्पेक्टर पुलिस बल के साथ तैनात किए हुए है। गांव में चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात की हुई है। शव की तलाश जारी है, जैसे ही शव बरामद हो जाएगा, पूरे मामले का खुलासा हो जाएगा।
एचएपी, सीएसओ के साथ करनाल से बटालियन मंगवाई है। फिलहाल गांव में शांति का माहौल है।