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कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी नॉन टीचिंग एंप्लाइज एसोसिएशन दो फाड़

Wed, 09 Oct 2013 12:16 AM IST
कुरुक्षेत्र
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कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी नॉन टीचिंग एंप्लाइज एसोसिएशन सोमवार को दो फाड़ हो गई टेक्निकल स्टाफ ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी नॉन टीचिंग टेक्निकल एंप्लाइज एसोसिएशन को पंजीकृत करवा लिया है। वहीं कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी नॉन टीचिंग एंप्लाइज एसोसिएशन के पदाधिकारियों का अभी भी यही कहना है कि कुंटिया एक है।
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यह झटका कुंटिया को अपनी पेन डाउन टूल डाउन हड़ताल के चौथे दिन लगा। गौरतलब है कि करीब 1600 कर्मचारी कुंटिया के सदस्य हैं। इनमें बड़ी संख्या टेक्निकल कर्मचारियों की भी है। वहीं टेक्निकल एसोसिएशन के सदस्यों ने बताया कि उनकी मांगों को नहीं उठाया गया।

उधर, गैर शिक्षक कर्मचारियों की पेन और टूल डाउन हड़ताल मंगलवार को भी जारी रही। कुंटिया कर्मचारियों ने मांगों को लेकर वीसी कार्यालय के बाहर जमकर नारेबाजी की और केयू प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगाें को जल्द से जल्द नहीं माना गया तो यह आंदोलन कुंटिया का न रहकर प्रदेश स्तरीय आंदोलन बन जाएगा और पैन और टूल डाउन हड़ताल जारी रहेगी। इसकी जिम्मेदारी केयू प्रशासन की होगी।
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कुंटिया अध्यक्ष मान सिंह की अध्यक्षता में रामलाल, चंदन सिंह, सतीश शर्मा, शशि शर्मा, जियालाल, रमेश, सोहन लाल, रामकुमार मजिक, अमर, सुरेंद्र मलिक, रामकुमार चौहान, रामकुमार पिहवा, भूप सिंह, सतीश शर्मा, नरेश चौधरी, यशपाल सैनी, राजिंदर नेगी, लीलाधर, बलजीत सिंह, सुखबीर, सुरेश, संत कुमार और मोहन लाल भूख हड़ताल पर बैठे।

सुनील कक्कड़ ने बताया कि सोमवार को कुल सचिव ने शाम 7:00 बजे कुंटिया नेताओं को बातचीत करने के लिए बुलाया गया था बातचीत के दौरान कुलपति द्वारा गठित कमेटी के तीनों सदस्य भी मौजूद थे, लेकिन कुंटिया की मांगों पर कोई निर्णय नहीं लिया गया।

उन्होंने बताया कि जिन मांगों को 4 अक्तूबर की बैठक में कमेटी ने सहमति जताई थी उन्हें केयू प्रशासन लागू नहीं कर रहा। जब तक केयू प्रशासन सभी मांगों को नहीं मानता तब तक कुंटिया का आंदोलन ओर तेज होगा।

इस मौके पर  कुरुक्षेत्र जिलाध्यक्ष संत कुमार, पोली राम, चंदन सिंह, बलजीत सिंह, नरेश मगू, राजपाल, नरेश चौधरी, धर्मवीर, रामपाल सैनी, महेंद्र यादव, सुरेंद्र, सतीश शर्मा, राकेश कौशल, मुनीष खुराना, सुखबीर सिंह, मोहन लाल सैणी, अनील कुमार, रामकरण शर्मा, मुकेश शर्मा, गुरमेल सिंह, अमर सिंह, राजबीर, रामफल, कर्मवीर, सतनारायण वर्मा, जितेंद्र सैणी, अशोक खुराना, यशपाल सैनी, सतनाराश्ण शर्मा और संत कुमार शर्मा मौजूद रहे।


कुंटिया एक है एक रहेगी : महासचिव
महासचिव सुनील कक्कड़ ने कहा कि कुंटिया दो फाड़ नहीं हुई कुंटिया एक है और एक ही रहेगी। हमारे कुछ साथी भटक गए हैं, लेकिन कुछ समय के बाद हमारे सभी साथी कुंटिया में दोबारा शामिल हो जाएंगे। केवल एक साथी ने लिखित रूप से कुंटिया को छोड़ा है, बाकि सभी कुंटिया के सदस्य है और रहेंगे। यदि किसी कर्मचारी को कुंटिया से शिकायत है तो वो कुंटिया कार्यालय में आकर अपनी शिकायत बता सकता है और बातचीत से हर समस्या का हल निकलता है।
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