29वें अखिल भारतीय अंतर विश्वविद्यालय राष्ट्रीय युवा समारोह सरस्वती महोत्सव का आयोजन 18 से 22 फरवरी तक कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में होगा। इस महोत्सव में देश के हर राज्य से प्रतिभागी हिस्सा लेंगे। समारोह के लिए रविवार से ही प्रतिभागियों ने आना शुरू कर दिया है।
उन्होंने बताया कि इस समारोह के दौरान आब्जर्वर के तौर पर नागपुर से आए डॉ. अरुण पाटिल उपस्थित होंगे। आडिटोरियम हाल में समारोह के उद्घाटन अवसर पर मुख्यातिथि के रूप में हरियाणा के मुख्यमंत्री चौ. भूपेंद्र सिंह हुड्डा शिरकत करेंगे। केयू कुलपति डॉ. डीडीएस संधू और युवा एवं खेल मंत्रालय के सचिव राजीव गुप्ता इस अवसर पर विशिष्ठ अतिथि होंगे।
केयू युवा एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम विभाग के निदेशक अनूप लाठर ने बताया कि कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय इस प्रकार के राष्ट्रीय समारोह का तीसरी बार आयोजन करने वाला देश का दूसरा विश्वविद्यालय है। इससे पहले 1994 और 2006 में भी केयू इस आयोजन की मेजबानी कर चुका है। इसके साथ ही कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय दो बार उत्तर क्षेत्रीय अंतर विश्वविद्यालय युवा समारोहों का भी आयोजन कर चुका है।
सरस्वती प्रवाह के कारण ‘सरस्वती महोत्सव’ नाम रखा
अनूप लाठर ने बताया कि इस समारोह का नाम सरस्वती महोत्सव इस लिए रखा गया है क्योंकि कुरुक्षेत्र शहर से सरस्वती नदी का प्रवाह रहा है। यही वह पवित्र नदी है जिसके किनारे वेदों और पुराणों की रचना हुई। भारतीय संस्कृति सरस्वती नदी की गोद में ही पल्लवित हुई। उन्होंने कहा कि सरस्वती देवी को विद्या व कला की देवी माना जाता है और यह समारोह कलाओं का संगम है। इस लिये इस समारोह को सरस्वती महोत्सव का नाम दिया गया है।
कब और कहां होंगे कार्यक्रम
अनूप लाठर ने बताया कि समारोह के पहले दिन सुबह 8:00 बजे क्रश हाल में प्रतिभागियों का रजिस्ट्रेशन होगा। उसके बाद 10 बजे सीनेट हाल में टीम प्रबंधकों की बैठक होगी। दोपहर बाद दो बजे केयू खेल परिसर से सभी प्रतिभागियों का प्रोशेसन शुरू होगा। इसमें सभी प्रतिभागी अपने-अपने प्रदेश का प्रतिनिधित्व करते हुए परंपरागत पोशाकों में केयू खेल परिसर से आडिटोरियम पहुंचेंगे। आडिटोरियम के मंच पर एक ओर से होते हुए ये सब प्रतिभागी अपना स्थान ग्रहण करेंगे। करीब 3 बजे सीएम का संबोधन होगा। इस कार्यक्रम के समापन पश्चात आडिटोरियम हाल के सामने खुले मंच पर हरियाणा के लोकनाट्य सांग की प्रस्तुति होगी।