शहर स्थित लकड़ी मार्केट के एक युवक की मंगलवार को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मामले में परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए शुक्रवार को कमेटी चौक पर शव रखकर जाम लगा दिया।
परिजनों का आरोप है कि सुधीर की पत्नी, साली, साडू, साली की सास सहित अन्य ने मिलकर हत्या की है। जब तक सभी को गिरफ्तार नहीं किया जाता शव का संस्कार नहीं करेंगे।
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दोपहर के डेढ़ से चार बजे, अढ़ाई घंटे तक मृतक के परिजन जाम लगाकर प्रदर्शन करते रहे। इस दौरान कुछ परिजन डीएसपी जोगिंद्र राठी व राजकुमार के आश्वासन के बाद शव लेकर चलने लगे।
इसके बाद परिजनों में सहमति नही बनी और मृतक का भाई अनिल दोबारा से कमेटी चौक पर जाम लगाने के लिए सड़क पर लेट गया। पुलिस कर्मचारियों ने धक्का मारकर युवक को सड़क से दूर किया और उसके बाद दुकानों के आगे खड़े लोगों को भी मौके से खदेड़ दिया।
लकड़ी मार्केट वासी सुधीर का शव दस जून को रामलीला ग्राउंड में मिला था। बस स्टैंड चौकी इंचार्ज श्याम सुंदर ने शव को कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में पहचान के लिए रखा था।
12 जून को शव की पहचान लकड़ी मार्केट के सुधीर नामक युवक के रूप में हो गई। प्रदर्शन कर रहे परिजन शीला, देवेंद्री, आशा, सुनीता, कमलेश, कांता, संगीता, शीला, अनीता, माया, मुकेश, अनिल, बाबू, सुरेंद्र, विनय, विक्की, मोनू ने बताया कि वीरवार को पोस्टमोर्टम के लिए शव रोहतक पीजीआई भेजा है।
शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को शव सौंप दिया। शव लेते ही परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की और पुलिस कर्मचारियों को कहा कि आरोपियों को गिरफ्तार करके कमेटी चौक पर आओ। काफी देर बाद पुलिस ने कड़ी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया और प्रदर्शनकारियों को शांत कराया।
रुपये देने के बाद भी मांगता रहा 70 हजार
मृतक सुधीर के भाई अनिल ने बताया कि मकान बनाने के लिए सुधीर ने साडू विक्रम से डेढ़ लाख रुपये उधार लिए थे। कई महीने के बाद दो लाख 27 हजार रुपये लौटा भी दिए।
इसके बावजूद वह 70 हजार रुपये मांगता रहा। जिसे देने का मतलब ही नहीं है। 70 हजार रुपये न देने पर वह कई बार जान से मारने की धमकी दे चुका है।
सुधीर की शादी 27 नवंबर 2013 को हुई थी। आरोप है कि सुधीर की पत्नी के अनैतिक संबंध विक्रम के साथ थे। जिसको लेकर कई बार झगड़े हुए लेकिन विक्रम अपनी हरकतों से बाज नहीं आया।
जोगिंद्र राठी ने बताया कि परिजनों ने चार से पांच लोगों पर हत्या का आरोप लगाया है। जल्द ही नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
एंट्री बंद करने के विरोध में ऑटो चालकों नेलगाया जाम
करनाल शहर में मीरा घाटी चौक से महाराणा प्रताप चौक से बस अड्डे जाने वाली सड़क पर ऑटो की एंट्री बंद करने का चालकों ने विरोध जताया।
गुस्साए ऑटो चालकों ने सुबह करीब नौ बजे से लेकर साढे़ नौ बजे तक जाम लगाकर रखा। ऑटो चालकों ने रूट चेंज करने पर कड़ी नाराजगी जताई है।
बाद में एसपी ने ऑटो चालकों को समझाने के बाद सुबह छह बजे से दोपहर 12 बजे तक नो एंट्री हटा दी। लेकिन दोपहर 12 बजे से शाम सात बजे तक नो एंट्री अगले तीन दिन के लिए ट्रायल के तौर पर अनिवार्य कर दी। एसपी के आश्वास से ऑटो चालक मान गए।
यहां की एंट्री बंद और बनाया नया रूट
घरौंडा से करनाल नमस्ते चौक के रास्ते मीराघाटी चौक से महाराणा प्रताप चौक से होते हुए कलंदरी गेट, सब्जी मंडी, घंटाघर चौक से बस अड्डे जाने वाले टैंपो की पुलिस ने एंट्री बंद कर दी।
ऑटो का रूट बदलकर मीराघाटी से जुंडला गेट के रास्ते, नावल्टी सिनेमा, माता मनसा देवी मंदिर से रेलवे रोड, एसडी सीनियर सेकेंडरी स्कूल होते हुए बस अड्डे के पीछे के रास्ते बस अड्डे तक पहुंचने का रूट बनाया है। ऑटो चालकों ने इस रूट का कड़ा विरोध जताया है।
ऑटो चालकों ने नारेबाजी की
ऑटो चालक संजय कुमार, प्रदीप शर्मा, राजीव कुमार, कृष्ण गोपाल, काला, सन्नी वर्मा, राकेश रोहिला, राजेश्ा कुमार सहित अन्य ने इस रूट का विरोध करते हुए शुक्रवार को सुबह करीब नौ बजे मीराघाटी चौक पर जाम लगा दिया।
चालकों ने कहा कि वह घरौंडा से चलकर बस अड्डे तक की सवारियां बिठाते हैं। सवारियों को महाराणा प्रताप चौक, कलंदरी गेट, जगदंबा अस्पताल उतरना होता है।
कोई सब्जी मंडी तो कोई सवारी घंटा घर चौक पर उतरती है। रूट चेंज होने पर सवारियों को भारी परेशानी उठानी होती है। गर्मी के मौसम में तीन किलोमीटर अतिरिक्त सफर तय करना और परेशानी झेलनी बड़ी दिक्कत है।
एसपी के आश्वासन पर माने
विरोध के दौरान छह लोगों का प्रतिनिधि मंडल एसपी अभिषेक गर्ग से मिला। प्रतिनिधि मंडल के सदस्यों के अनुसार एसपी ने आश्वासन दिया कि सुबह छह बजे से दोपहर 12 बजे तक इस रूट पर चल सकते हैं लेकिन दोपहर 12 बजे से शाम सात बजे तक इस रूट पर ऑटो की नो एंट्री रहेगी।
यह तीन दिन तक का ट्रायल होगा। ऑटो चालक जाम नहीं लगने देंगे तो रूट खोले भी जा सकते हैं। इस बात पर ऑटो चालकों ने सहमति जता दी।
बिजली किल्लत : तीन घंटे लगाया जाम
असंध में बिजली किल्लत से गुस्साए ग्रामीणों ने शुक्रवार को असंध-जींद मार्ग पर स्थित गांव मूंड के बस अड्डे पर करीब तीन घंटे तक जाम लगाया। बाद में पुलिस व प्रशासन के आश्वासन देने के बाद जाम खोला गया। जाम लगने की वजह से गर्मी में आने-जाने वाले वाहनों व यात्रियों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी
मूंड के सरंपच देवेंद्र उर्फ बिल्लू, रामचंद्र, पवन, बीरा, लख्मी, सुल्तान, राम कुमार, सुखबीर, अजमेर, दलेल, सेवा सिंह, पप्पू, कपिल, रघुबीर, प्यारा, सोमपाल ने बताया कि गांव की पंचायत ने हरियाणा विद्युत प्रशासन निगम को करीब चौदह एकड़ जमीन 220 केवी पावर स्टेशन लगाने के लिए दी थी।
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि जमीन की एवज में विभाग ने उनके गांव व खेतों में उक्त पावर स्टेशन से बिजली सप्लाई देने की शर्त रखी गई थी, लेकिन पावर स्टेशन तैयार होने पर भी उनके गांव व खेतों में अभी तक इस पावर स्टेशन बिजली की सप्लाई नहीं दी जा रही है।
बाद में सूचना मिलने पर असंध थाना प्रभारी जगदीश मोर व एसडीओ असंध गगन पांडेय, तहसीलदार नवजीत कौर बराड़ मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को जल्द बिजली सप्लाई का आश्वासन दिया।