करनाल/घरौंडा। इंडो-इजरायल सब्जी उत्कृष्टता केंद्र में आयोजित तीन दिवसीय मेगा सब्जी एक्सपो 2025 के समापन समारोह में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी पहुंचे। उन्होंने घरौंडा के इंडो-इजरायल सब्जी उत्कृष्टता केंद्र में हॉस्टल और सेमिनार हॉल बनवाने की घोषणा की। इस मौके पर उन्होंने 74 प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने शहीदी दिवस पर क्रांतिकारी वीर शहीद भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु की शहादत पर उन्हें नमन किया। उन्होंने हरियाणा बागवानी पत्रिका का विमोचन और किसानों की ओर से लगाई गई प्रदर्शनी का अवलोकन किया। सेमिनार हॉल बनने से किसानों को एक साथ नई तकनीकें सिखाई जा सकेंगी, वहीं हॉस्टल बनने से दूर से आए किसानों को ठहरने की सुविधा मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मेगा सब्जी एक्सपो किसानों के लिए कृषि तकनीकों की जानकारी प्राप्त करने का महत्वपूर्ण मंच है। इस तीन दिवसीय एक्सपो में किसानों को बागवानी, सब्जी उत्पादन और मधुमक्खी पालन से जुड़ी नई तकनीकों, उन्नत किस्मों और आधुनिक कृषि यंत्रों की जानकारी मिलने के साथ-साथ कई समस्याओं का समाधान और नई संभावनाओं के बारे में भी पता चला है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार किसानों की आय बढ़ाने के प्रति गंभीर है। किसानों के हित में अनेक योजनाएं शुरू की गई हैं। इस साल कृषि बजट में 19.2 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। पशुधन के लिए बजट में 50.91 प्रतिशत, बागवानी में 95.5 प्रतिशत, मत्स्य का 144.4 प्रतिशत और सहकारिता का 58.8 प्रतिशत बढ़ाया है। प्रदेश सरकार ने पिछले 10.5 वर्षों में किसानों को भावांतर भरपाई योजना के तहत 14500 रुपये दिए हैं। प्रदेश सरकार ने 2025-26 के बजट में देसी गाय की खरीद के लिए दी जाने वाली अनुदान राशि को 25 हजार रुपये से बढ़ाकर 30 हजार रुपये करने का प्रस्ताव किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बागवानी क्षेत्र को बढ़ाने के लिए बागवानी फसल क्लस्टर विकास कार्यक्रम के तहत 510 करोड़ 36 लाख रुपये की लागत से 140 फल एवं सब्जी संग्रह एवं पैक हाउस स्थापित किए जा रहे हैं। प्रत्येक क्लस्टर में 300 किसान सदस्यों के साथ एक एफपीओ का गठन व एकीकृत पैक हाउस स्थापित किया जा रहा है। फलों के बाग लगाने पर प्रति एकड़ लागत का 50 प्रतिशत से लेकर 85 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाता है। सब्जियों की खेती के एकीकृत मॉडल पर 50 प्रतिशत से लेकर 85 तक तथा मशरूम की खेती के लिए भी 40 प्रतिशत से लेकर 85 प्रतिशत तक सब्सिडी दी जा रही है।
बदलाव के साथ चलें किसान : श्याम सिंह राणा
कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि बढ़ती आबादी के कारण जमीन सीमित होती जा रही है। बदलते वातावरण में किसानों को परिवर्तन के साथ चलना होगा। सरकार किसानों की मदद के लिए तैयार है। बदलती परिस्थितियों में वैश्विक तरीके से खेती करनी है।
बागवानी के लिए चलाई योजनाएं : राजा शेखर वुंडरू
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव राजा शेखर वुंडरू ने कहा कि मुख्यमंत्री बागवानी क्षेत्र की ओर विशेष ध्यान दे रहे हैं। बजट सत्र 2025-26 में मुख्यमंत्री द्वारा बागवानी क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं। बागवानी को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने महाराणा प्रताप बागवानी विश्वविद्यालय बनाया है।
इस मौके पर असंध के विधायक योगेंद्र राणा, करनाल के विधायक जगमोहन आनंद, भारत में इजरायल के राजदूत फरेस सईब, अतिरिक्त मुख्य सचिव डाॅ. राजा शेखर वुंडरू, एमएचयू के कुलपति डाॅ. एसके मल्होत्रा, सीएम के अतिरिक्त निजी सचिव डाॅ. साकेत कुमार, उपायुक्त उत्तम सिंह, पुलिस अधीक्षक गंगाराम पूनिया, उद्यान विभागाध्यक्ष डाॅ. अर्जुन सिंह सैनी, महानिदेशक डाॅ. रणबीर सिंह, बागवानी के एडिशनल डायरेक्टर धर्म सिंह यादव आदि मौजूद रहे।