करनाल। यूपी के गैंगस्टर हरियाणा के अपराधियों को गुर्गा बनाकर अपनी गैंग में शामिल कर रहे हैं। यह गैंगस्टर इन गुर्गों के साथ मिलकर हरियाणा व उससे सटे यूपी क्षेत्र में वारदात को अंजाम दे रहे हैं। इसका मुख्य कारण यूपी में लगातार बदमाशों के एनकाउंटर होना है।
ऐसे में गैंगस्टर अपनी गैंग को बढ़ा नहीं पा रहे हैं। ऐसे में वह हरियाणा के अपराधियों को अपनी गैंग में शामिल कर रहे हैं। इसका खुलासा शामली में बिडौली चौसाना रोड उदपुर भाट्टा के पास एसटीएफ की चार बदमाशों के साथ हुई मुठभेड़ में हुआ है। जिनमें चारों बदमाश ढेर हो चुके हैं। इस मुठभेड़ में यूपी एसटीएफ टीम का एक निरीक्षक सुनील गोली लगने से घायल भी हुआ है।
मुठभेड़ में ढेर चारों बदमाशों में तीन हरियाणा के हैं। इनमें पहला सोनीपत के रोहट गांव निवासी मंजीत उर्फ ढिल्ला उर्फ जुबैर, दूसरा बदमाश करनाल के मधुबन स्थित अशोक विहार निवासी सतीश उर्फ सेठी था। जिसके पिता हरियाणा पुलिस में सब इंस्पेक्टर थे।
हालांकि सतीश भी मूल रूप से सोनीपत के गांव शेखपुरा का रहने वाला था। तीसरे बदमाश की पहचान घरौंडा के पीर बडौली निवासी 30 वर्षीय मनवीर के रूप में हुई है। जिसके खिलाफ दुष्कर्म, मारपीट और अन्य धाराओं में कई मामले दर्ज है।
तीनों बदमाश यूपी के मुस्तफा उर्फ कग्गा व मुकीम काला गैंग से शार्प शूटर अरशद के साथ वारदात को अंजाम देने के लिए जा रहे थे। जिस ब्रेजा कार में यह चारों बदमाश सवार थे वह हरियाणा के गन्नौर जिले की है। इस कार को करनाल निवासी बदमाश सतीश चला रहा था। यह हरियाणा की ओर से चौसाना, यूपी की तरफ जा रहे थे। संवाद