वाल्मीकि समाज के लोग आरक्षण की मांग को लेकर शुक्रवार को कुरुक्षेत्र के लघु सचिवालय पर जमकर गरजे।
हाथों में आरक्षण बहाली के बैनर लिए वाल्मीकि समाज के लोगों ने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए एससी आरक्षण को पुराने रूप में लागू करने की मांग की।
वाल्मीकि समाज के लोगों ने सीएम के नाम उपायुक्त को सौंपे ज्ञापन में लिखा है कि पहले एससी ए. और बी. वर्ग में आरक्षण दिए जाने का प्रावधान था लेकिन कुछ साल पहले सरकार ने एससी ए. और बी. वर्ग को समाप्त कर एससी वर्ग में ही इकट्ठा सभी अनुसूचित जातियों को आरक्षण में शामिल कर लिया।
ऐसा करने से वाल्मीकि समाज को आरक्षण के मामले में काफी नुकसान हो रहा है। उनके हिस्से का आरक्षण जाति विशेष को मिलने लगा है और वाल्मीकि समाज के युवा आरक्षण का सही लाभ न मिलने से पिछड़ गए हैं।
समाज के लोगों ने मुख्यमंत्री को गुहार लगाई है कि एससी आरक्षण की पुरानी नीति को लागू कर ए. और बी. वर्ग में आरक्षण को बहाल किया जाए। यदि ऐसा नहीं किया गया तो अपना हक लेने के लिए प्रदेश का पूरा वाल्मीकि समाज सड़कों पर उतर आएगा और संघर्ष के लिए किसी भी हद तक जा सकता है।
प्रदर्शन में सतपाल, नीटू कुमार, रणधीर, रण सिंह, अनिल लोट, सुरेश कागड़ा, रिटायर्ड नायब तहसीलदार श्याम लाल, महेंद्र, दीपक बागड़ी, रामपाल पाली, छाना राम बाजीगर, फकीर चंद, अजय कुमार, मामचंद, मनोज, जितेंद्र, अमन कुमार, दीपक कुमार, राजकुमार बाहरी, पृथ्वी सिंह बाहरी, प्रधान जगीर सिंह, ईश्वर, शिवचरण बोहत, सतपाल धानव, सुभाष बेदी, सुभाष, किताब सिंह, ताराचंद मटू, अमित, रमेश, कृष्ण, विजय, गुलशन, पवन छाछरा, मनीष, रोकी लाडवा, बंटी, जोगिंद्र, लाल चंद, शिव कुमार, सुभाष बेदी, डॉ. ईश्वर सिंह, हरिदास आदि मौजूद रहे।