इंद्री करनाल यमुनागर स्टेट हाइवे पर धरना देते किसान।
अनाज मंडी में गेहूं उठान नहीं होने से नाराज आढ़तियों और किसानों ने करनाल-यमुनानगर स्टेट हाईवे पर ट्रैक्टर ट्रॉली अड़ाकर जाम लगा दिया। इससे हाईवे के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने ट्रैफिक को डायवर्ट कर यातायात सुचारु करने की कोशिश की, लेकिन इस दौरान करीब चार घंटे तक जाम लगा रहा।
अनाज मंडियों में गेहूं की आवक लगातार बढ़ती जा रही है, वहीं उठान नहीं होने से किसानों और आढ़तियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। पिछले कई दिनों से परेशान आढ़ती और किसानों का सब्र मंगलवार को जवाब दे गया। नाराज लोगों ने पहले एसडीएम सुमित सिहाग को बारदाने और उठान की समस्या से अवगत करवाया। समाधान नहीं होने पर 11.45 बजे आढ़तियों, किसानों और भाकियू ने स्टेट हाईवे पर जाम लगाकर धरना शुरू कर दिया। मंडी अधिकारियों ने मौके पर पहुंच उनको समझाने का प्रयास किया लेकिन किसानों ने जाम नहीं खोला। करीब तीन बजे एसडीएम सुमित सिहाग धरनास्थल पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समस्याओं के समाधान का भरोसा दिलाया। इसके बाद जाम खोला गया। एसडीएम का कहना है कि लिफ्टिंग की समस्या को देखते हुए तीन अतिरिक्त परचेज सेंटर बनाए जाएंगे और कल से मंडी में सुचारु रूप से गेट पास भी काटे जाएंगे। हाईवे पर जाम लगाने के बाद इंद्री थाना प्रभारी सतपाल सिंह दलबल सहित मौके पर पहुंचे और ट्रैफिक को डायवर्ट किया। मौके पर आढ़ती एसोसिएशन प्रधान सतपाल बैरागी, जय प्रकाश बंसल, ऋषिपाल खेड़ा, किसान नेता रामपाल चहल, देवी सिंह सहित काफी संख्या में किसान व आढ़ती मौजूद रहे।
बयाना सब यार्ड में किसानों ने कमेटी कार्यालय में जड़ा ताला
इधर उठान नहीं होने व बारदाना नहीं मिलने से बयाना सब यार्ड में भी किसानों व आढ़तियों ने गुस्से का इजहार किया। मार्केट कमेटी कार्यालय व मंडी के गेट का ताला जड़ दिया। इसके बाद सड़क पर बैठकर धरना शुरू कर दिया। पुलिस व मंडी अधिकारियों के समझाने बुझाने के बाद शाम को किसान व आढ़ती धरने से उठे।
पोर्टल पर फर्जी तरीके से दिखाई जा रही गाड़ियां
-मंडी प्रधान सतपाल बैरागी का कहना है कि लिफ्टिंग के नाम पर केवल खानापूर्ति हो रही है। ट्रांसपोर्टर ने पोर्टल पर 47 गाड़ियां दिखाई है जबकि मंडी में केवल 11 से 12 गाड़ियां हीं हैं।