लालुपुरा गांव के पास यमुना नदी पार करते समय 32 वर्षीय किसान मुकेश नदी में डूब गया। मुकेश नदी के दूसरी तरफ स्थित अपने खेतों से वापस लौट रहा था। किसानों का आरोप है कि बिना किसी पूर्व सूचना के नदी में पानी छोड़ने की वजह से यह हादसा हुआ है।
शुक्रवार को घरौंडा क्षेत्र में यमुना नदी का जल स्तर अचानक बढ़ना शुरू हो गया। प्रशासन की तरफ से किसानों को नदी में छोड़े गए पानी के बारे में सूचना नहीं दी गई। शाम करीब चार बजे गांव पीर बडौली निवासी मुकेश यमुना पार अपने खेतों में काम कर लौट रहा था। नदी में अचानक बढ़े जलस्तर के कारण मुकेश पानी के तेज बहाव में डूब गया। पीर बडौली गांव के सरपंच अशोक कुमार ने बताया कि उनके गांव के किसानों की जमीन नदी के दूसरी तरफ है। इसलिए रोजाना दर्जनों किसान नदी पार कर खेतों में काम करने जाते हैं। यमुना में डूबे किसान मुकेश ने करीब तीन एकड़ भूमि पर मिर्च लगाई थी। रोज की तरह मुकेश मिर्च तुड़ाई के लिए खेतों में गया था। ग्रामीण यमुना में डूबे किसान की तलाश में जुटे हैं।
सिंचाई विभाग को नहीं युमना में पानी छोड़े जाने की जानकारी
यमुना तट के किसानों से मिली जानकारी के अनुसार नदी में अचानक जल स्तर बढ़ा। वहीं जिला सिंचाई विभाग को भी नदी में पानी छोड़े जाने की जानकारी नहीं थी। विभाग के एक्सईएन नवतेज सिंह ने बताया कि यमुना में 70 हजार क्यूसिक पानी छोड़े जाने पर ही उन्हें सूचना मिलती है। इससे कम मात्रा में पानी छोड़ने की सूचना प्राप्त नहीं होती।