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Karnal News: धान का उठान न होने परेशानी, आज बंद रहेगी घरौंडा मंडी

Sun, 05 Oct 2025 01:44 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
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संवाद न्यूज एजेंसी
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घरौंडा। नई अनाज मंडी में उठान की रफ्तार धीमी होने से किसानों और व्यापारी परेशान हैं। मंडी में ओवरलोड ट्रैक्टर ट्रॉलियों के प्रवेश से भी परेशानी बढ़ गई है। भारी ट्रॉलियों के कारण मंडी का अधिकांश हिस्सा अवरुद्ध हो गया है। धान की लगातार आवक और उठान नहीं होने से अव्यवस्था हो रही है। ऐसे में मंडी एसोसिएशन ने रविवार को मंडी बंद रखने का फैसला लिया है।
सरकारी धान की खरीद 29 सितंबर से शुरू हुई थी। अभी सरकारी खरीद को मात्र छह ही दिन हुए हैं। लेकिन उठान नहीं होने से एसोसिएशन को मंडी बंद करने का एलान करना पड़ गया है। रविवार को नेता प्रतिपक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा घरौंडा नई अनाज मंडी में पहुंचेंगे और किसानों से उनकी परेशानियों पर बात करेंगे।
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मंडी प्रधान महेंद्र पसरीचा ने बताया कि मंडी में धान की आवक दिन-प्रतिदिन बढ़ रही है। लेकिन अब तक केवल 20 प्रतिशत उठान ही हुआ है। किसानों की नई फसल लगातार मंडी में पहुंच रही है। मंडी परिसर के बाहर जीटी रोड तक कतारें लग गई हैं। उन्होंने कहा कि लिफ्टिंग में देरी के कारण मंडी में अव्यवस्था फैल गई है। ऐसे में प्रशासन ने रविवार को धान की खरीद अस्थायी रूप से बंद रखने का निर्णय लिया है।


जीपीएस लगे ट्रकों से ही होगा उठान
शनिवार को एसडीएम घरौंडा राजेश सोनी मंडी पहुंचे और उन्होंने सभी एजेंसियों, ट्रांसपोर्टरों तथा मंडी एसोसिएशन के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। मंडी प्रधान ने बताया कि जीपीएस ट्रकों की संख्या सीमित है। इस कारण उठान की रफ्तार कम है। उन्होंने मांग की है कि लिफ्टिंग ट्रैक्टर ट्रॉलियों से करने की अनुमति दी जाए। प्रशासन ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए इस प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया। अधिकारियों का कहना था कि केवल उन्हीं ट्रकों से लिफ्टिंग करवाई जाएगी, जिन पर जीपीएस सिस्टम लगा हुआ है।
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नमी का बहाना, कम रेट में खरीद
मंडी में धान लेकर आए किसानों में नाराजगी देखने को मिल रही है। किसानों का आरोप है कि नमी का बहाना बनाकर उनकी फसल को कम रेट पर खरीदा जा रहा है। किसानों का कहना है कि अब ज्यादातर धान की नमी 17 प्रतिशत से नीचे है। इसके बावजूद उन्हें 1900 से 2100 प्रति क्विंटल तक ही दर मिल रही है। कई किसानों ने बताया कि उनकी फसल मंडी में दो-दो दिन से पड़ी हुई है लेकिन सरकारी एजेंसियों के अधिकारी अब तक खरीद के लिए नहीं पहुंचे। किसानों ने प्रदर्शन की चेतावनी दी है।
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