करनाल। नशा आपको गर्त में गिराता जाता है। एक बार में कुछ नहीं होता... वाक्य से शुरू हुआ नशे की अंधेरी गलियों का सफर आपको अपराधी भी बना देता है। नशे के पदार्थों की तस्करी करते पकड़े गए लोगों की जांच में ऐसे तथ्य आए हैं जो इस बात को साबित करते हैं। तस्करी में पकड़े गए अधिकांश लोग वह हैं जो नशे के आदी हैं। इनमें महिलाएं भी हैं। दोस्तों के दबाव में नशा करना शुरू किया। फिर नशे के लिए पैसे की पूर्ति के लिए तस्करी करने लगे। पुलिस 11 महीने में पांच करोड़ रुपये से ज्यादा के नशे के पदार्थ पकड़ चुकी है। 286 लोग गिरफ्तार किए गए हैं।
करनाल में मध्य प्रदेश और राजस्थान से अफीम व चूरापोस्त पहुंच रहा है। स्मैक उत्तर प्रदेश और पंजाब से लाई जा रही है। बिहार से गांजा पत्ती और चरस हिमाचल प्रदेश से पहुंच रही है। वर्ष 2025 में करनाल पुलिस अब तक यानि 11 माह में विभिन्न थाना क्षेत्रों में दर्ज 152 प्राथमिकियों में 286 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। ये सभी नशा करने वाले या छोटे तस्कर हैं। बड़े सप्लायर पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं।
दूसरे प्रदेशों में जाने वाले ट्रक और अन्य वाहन चालक सामान के साथ नशीला पदार्थ ला रहे हैं। ये तस्कर न केवल शहरी बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी अपनी जड़ें जमा चुके हैं। पुलिस के सूत्रों के मुताबिक आजकल ये सारा नेटवर्क व्हाट्सएप कॉल के माध्यम से चलता है। ताकि कोई किसी तरह की रिकॉर्डिंग नहीं कर पाए। तस्कर छोटी मात्रा में पुड़िया बनाकर जेब में नशीला पदार्थ रखते हैं। व्हाट्सएप कॉल से बताए गए स्थान पर पहुंचा देते हैं।
पुलिस की कार्रवाई में पकड़े नशे के पदार्थ
स्मैक : 2.215 किलो
चूरापोस्त : 150 किलो
अफीम : 13 किलो
गंजापती : 140 किलो
चरस : 3.299 किलो
18.434 किलो दवा पकड़ीं
लोग नशे के लिए प्रतिबंधित दवा का भी प्रयोग कर रहे हैं। पुलिस ने 11 माह में कुल 18.434 किलो प्रतिबंधित दवा की गोलियां व सिरप आदि बरामद किए हैं। इनमें 49,207 गोलियां, 18254 कैप्सूल, 33 टीके, 40 एमटीपी किट हैं।
14 किलो डोडा पोस्त के साथ पकड़ी थी महिला
20 नवंबर को सीआईए वन की टीम ने असंध के सफीदों रोड पर डेरा बलबीर सिंह से असंध के वार्ड-7 निवासी राजविंद्र को 14.350 ग्राम चूरापोस्त के साथ गिरफ्तार किया था। पुलिस के अनुसार महिला नशा बेच रही थी। पुलिस जांच में सामने आया था कि आरोपी महिला ने नशीले पदार्थ को असंध के ही अन्य आरोपी से खरीदा था। उसके खिलाफ पहले भी केस दर्ज किए गए थे।
शहर के साथ-साथ असंध, निसिंग और इंद्री बने हॉटस्पॉट
करनाल शहर की विभिन्न क्षेत्रों सेक्टर-4 क्षेत्र, शिव कॉलोनी, कर्ण ताल, कर्ण पार्क, शास्त्री नगर, ताऊ देवी लाल चौक, उत्तम नगर, फुसगढ़ रोड, बुढाखेड़ा, हकीकत नगर, डेहा बस्ती आदि क्षेत्र हैं, नशे के तस्करों के अड्डे हैं। असंध, निसिंग और इंद्री क्षेत्र से ज्यादा नशा तस्कर पकड़े जाते हैं। पिछले साल भी असंध और निसिंग में पुलिस ने अफीम की 183 किलो पौध बरामद की थी।
नशा तस्कर को रोकने के लिए जिला पुलिस प्रयासरत है। एनडीपीएस को लेकर विभिन्न टीम अलग अलग जगहों पर दबिश देकर नशा तस्करों को पकड़ रही है। आमजन से अपील है कि कहीं भी नशा या तस्कर करने वालों की सूचना मिले, उसे तुरंत पुलिस विभाग को दें। ताकि समय पर रेड करके तस्करों को पकड़ा जा सके। - गंगाराम पुनिया, पुलिस अधीक्षक, करनाल