करनाल। बारिश का मौसम शुरू होते ही जिले में डेंगू के साथ-साथ मलेरिया का खतरा तेजी से बढ़ता जा रहा है। जिले में मलेरिया के तीन नए मरीज मिले हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीमें अब तक छह लाख 51 हजार 316 घरों की जांच कर चुकी हैं, जिनमें 2919 घरों में डेंगू के लार्वा पाए गए। लापरवाही बरतने पर 1194 लोगों को नोटिस थमाए गए हैं। वहीं, अब तक जिले में डेंगू के 10 मरीज मिल चुके हैं, जिसमें ताजा मामला घरौंडा क्षेत्र से आया है।
बारिश के चलते जगह-जगह जलभराव और नमी से मच्छरों को लार्वा पनपने का मौका मिल रहा है। सबसे ज्यादा खतरा उन्हीं घरों में पाया गया है, जहां कूलर, टंकी, गमले या कबाड़ में पानी भरा था। नगर निगम की ओर से फॉगिंग भी केवल उन्हीं इलाकों तक सीमित है, जहां केस सामने आए हैं, लेकिन बारिश के बाद पूरे शहर में छिड़काव न होने से लोग नाराज हैं।
248 घरों में मिले थे लार्वा : सिविल सर्जन कार्यालय से बायोलॉजिस्ट पिंकी ने बताया कि जून महीने में स्वास्थ्य विभाग ने 28,932 घरों की जांच की, जिनमें 248 घरों में लार्वा मिला और 70 को नोटिस दिए गए। लापरवाही बरतने वालों पर अब चालान की कार्रवाई हो सकती है। उप सिविल सर्जन डॉ. अन्नू शर्मा का कहना है कि डेंगू पर लगातार नजर रखी जा रही है। घरौंडा से नया केस आया है। संवाद